जागरण संवाददाता, सोनभद्र : राब‌र्ट्सगंज नगर पालिका क्षेत्र में बनाए गए नए मकानों का पालिका प्रशासन की तरफ से सर्वे किया जाएगा। इस कार्य को करने में नगर पालिका प्रशासन को एक दशक लग गए हैं। सर्वे के बाद ऐसे लोगों को नोटिस भेजकर गृहकर के दायरे में लाया जाएगा। नगर पालिका की तरफ से 2009-10 में सर्वे किया गया था। उसके बाद नगर में कई मकान बन गए हैं, वह योजनाओं का लाभ भी ले रहे हैं लेकिन, गृहकर नहीं दे रहे हैं। इसके बाद नपा प्रशासन ने ऐसे लोगों का सर्वे करने का मन बनाया है।

जिले की इकलौती नगर पालिका में मकानों की संख्या दिन- प्रतिदिन बढ़ती जा रही है। 25 वार्डों वाली नगर पालिका में हर साल औसत 200 से 300 बड़े-बड़े भवन बनते जा रहे हैं, वह नगर के सभी व्यवस्थाओं का लाभ भी ले रहे हैं। लेकिन, नगर पालिका प्रशासन को इन मकानों से कोई राजस्व नहीं मिल रहा है। इसी को देखते हुए पालिका प्रशासन ने करीब एक दशक बाद फिर ने नगर में बने नए मकानों का सर्वे कराने जा रही है। ताकि इन मकानों को गृहकर के दायरे में लाते हुए इनसे वसूली की जा सके। नपा की तरफ से दस साल पहले 2009-10 में नगर में बनाए गए मकानों का सर्वे किया गया था। उस दौरान कुल 4931 मकान नगर क्षेत्र में बनाए गए थे। अभी तक इतने मकानों से ही नगर पालिका प्रशासन को करीब 15 लाख रुपये गृहकर की वसूली से राजस्व मिलता है। लेकिन, वर्तमान समय में नगर में मकान बनाने की संख्या में तेजी से वृद्धि हुई है। सर्वे कराने के बाद बनाए गए मकानों को गृहकर के दायरे में लाने के लिए नोटिस भेजी जाएगी। इससे नगर पालिका का राजस्व भी बढ़ेगा। आंकड़े एक नजर में-

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- नगर पालिका राब‌र्ट्सगंज की आबादी -1,25,000

- वार्डों की संख्या-25

- 2009-10 में मकानों की संख्या- 4931

- आवासीय कर प्रति कमरा 144 रुपये सालाना

- मेन मार्केट में दुकानों से व्यावसायिक कर 720 रुपये सालाना

- मोहल्ले में स्थित दुकानों से गृहकर 360 रुपये सालाना

- गृहकर से नगर पालिका को प्रति वर्ष कुल राजस्व 15 लाख वर्जन

शासन द्वारा एक निर्धारित अवधि में नगर पालिका क्षेत्र के भवनों के सर्वे कार्य के निर्देश प्राप्त हुए हैं। इसी को लेकर नपा क्षेत्र में बनाए गए नए भवनों का नवीन सर्वे के लिए कार्य योजना बनाई जा रही है। जल्द ही नए भवनों को भी गृहकर के दायरे में लाया जाएगा।

-प्रदीप गिरी, अधिशासी अधिकारी, नगर पालिका राब‌र्ट्सगंज।

Posted By: Jagran

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