जातीय जनगणना से ही मजबूत होगा सामाजिक न्याय : बाबू सिंह कुशवाहा
जन अधिकार पार्टी के संस्थापक बाबू सिंह कुशवाहा ने सोनभद्र में जातीय जनगणना को सामाजिक न्याय के लिए आवश्यक बताया ...और पढ़ें

सामाजिक न्याय की नींव जातीय जनगणना: बाबू सिंह कुशवाहा ने सोनभद्र में उठाई आवाज।
HighLights
जातीय जनगणना सामाजिक न्याय के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण।
किसानों की समस्याओं पर भाजपा सरकार को घेरा।
आगामी चुनाव में संविधान, आरक्षण, शिक्षा मुख्य मुद्दे।
जागरण संवाददाता, सोनभद्र। जन अधिकार पार्टी के संस्थापक व सांसद बाबू सिंह कुशवाहा ने बुधवार को जनपद दौरे के दूसरे दिन सर्किट हाउस में पत्रकार वार्ता की। उन्होंने कहा कि सामाजिक न्याय को मजबूत करने के लिए जातीय जनगणना जरूरी है। जिसकी जितनी आबादी, उसकी उतनी हिस्सेदारी के सिद्धांत को लागू किया जाना चाहिए।
इससे सभी वर्गों को उनकी आबादी के अनुपात में भागीदारी सुनिश्चित हो सकेगी। उन्होंने भाजपा सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि किसानों को खाद-बीज की समस्या का सामना करना पड़ रहा है। दावा किया कि बड़ी संख्या में लोग सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव को मुख्यमंत्री के रूप में देखना चाहते हैं।
सांसद ने कहा कि आगामी विधानसभा चुनाव में संविधान, आरक्षण, जातीय जनगणना, किसान, शिक्षा और रोजगार प्रमुख मुद्दे होंगे। समान शिक्षा व्यवस्था लागू होने से आर्थिक व सामाजिक असमानता कम की जा सकती है। पीडीए जन चौपाल के माध्यम से पार्टी कार्यकर्ता गांव-गांव जाकर लोगों को सरकार की नीतियों और जनसमस्याओं से अवगत कराएंगे तथा उनकी समस्याओं को उठाएंगे।
यूजीसी के मुद्दे पर उन्होंने सुधार की आवश्यकता बताई। विधानसभा चुनाव में पार्टी कितनी सीटों पर प्रत्याशी उतारेगी, इस पर कहा कि अंतिम निर्णय राष्ट्रीय अध्यक्ष करेंगी। इस दौरान राबर्ट्सगंज सांसद छोटेलाल खरवार, जिलाध्यक्ष राम निहोर यादव भी मौजूद रहे।
