सीतापुर: एक सेहतमंद शरीर के लिए पोषक तत्वों की जरूरत होती है। जिसमें सबसे ज्यादा नवजात को पोषक तत्व चाहिए, क्योंकि नवजात की प्रतिरोधक क्षमता कम होती है और यह उनके बढ़ने की उम्र होती है। जिसके कारण उन पर अधिक ध्यान देने की जरूरत होती है।

बालरोग विशेषज्ञ डॉ. नंद नथानी कहते हैं कि अपने जीवन के पहले वर्ष में बच्चा तेजी से बढ़ता है। इसी दौरान उसकी हड्डियों, रीढ़ की हड्डी और शारीरिक तंत्रों का निर्माण होता है। हड्डियों, ब्रेन सेल्स आदि के विकास के लिए विटा¨मस की जरूरत होती है। जिसमें सबसे अधिक विटामिन डी की जरूरत होती है। हड्डियों की मजबूती व विकास के लिए यह बेहद जरूरी होता है। विटामिन डी की कमी होने से हडिड्यों की कार्यक्षमता और मजबूती पर बुरा असर पड़ता है। मजबूत दांत और हड्डियों के लिए रक्त में कैल्शियम और पोटेशियम की जरूरत होती है। विटामिन डी शरीर में मिनरल के संतुलन, ब्लड क्लॉ¨टग को रोकने, हृदय व नर्व सिस्टम को ठीक रखने, इंसुलिन के स्तर को बनाने के लिए जरूरी है। इंडियन एकेडमी ऑफ पेडियाट्रिक्स (आईएपी) के अनुसार देश में सभी आयु वर्गों में विटामिन डी की कमी बढ़ रही है। इनसेट

क्या है विटामिन-डी

जिला अस्पताल के बालरोग विशेषज्ञ डॉ. नंद नथानी बताते हैं कि विटामिन डी शरीर में पाये जाने वाले सेवन हाइड्रक्सी कोलेस्ट्रॉल और अल्ट्रावायलेट किरणों की मदद से बनता है। शरीर में रासायन कोलिकल कैसिरॉल पाया जाता है, जो खाने के साथ मिलकर विटामिन-डी बनाता है। विटामिन-डी का मुख्य काम कैल्शियम बनाना है। यह आंतों से कैल्शियम को अवशोषित कर हड्डियों में पहुंचाता है। बचाव

बच्चों को पौष्टिक खाना खिलाएं

शरीर में कैल्शियम की मात्रा संतुलित रखें

बच्चे को थोड़ा समय धूप में रखें

स्तनपान जरूर कराएं

Posted By: Jagran