सीतापुर : रविवार को जिले में अलग-अलग स्थानों पर पांच मौतें हो गईं। इसमें गोंदलामऊ इलाके में चार और बाढ़ प्रभावित इलाके में एक की जान चली गई।

गोंदलामऊ क्षेत्र के ग्राम नटवल ग्रंट जमनापुर निवासी सोबरन लाल का पुत्र विकास (12) बुखार से पीड़ित था। रविवार को उसकी हालत बिगड़ी तो परिवारीजन उसे अस्पताल ले जाने की तैयारी करने लगे। इसी बीच बालक ने दम तोड़ दिया। अभी लोग विकास की अंत्येष्टि का इंतजाम कर रहे थे कि खबर मिली गांव के तुलाराम की पत्नी प्रेमा देवी (45) की बुखार के चलते मौत हो गई। इस गांव में अब तक 8 लोग जान गंवा चुके हैं। इधर ग्राम संवासी निवासी सुंदर लाल की पत्नी रानी देवी (55) की भी बुखार के चलते मौत हो गई। इसी क्षेत्र के ग्राम पुन्नापुर निवासी दिलीप भी बुखार से पीड़ित था। परिजनों ने उसे सीएचसी में दिखाया तो, डॉक्टरों ने उसे लखनऊ रेफर कर दिया। दिलीप ने लखनऊ जाते समय रास्ते में दम तोड़ दिया। सकरन थाना क्षेत्र के ग्राम ईरापुर गड़ौसा निवासी जगदीश (20) बुखार से पीड़ित था। परिवारीजनों ने उसे क्षेत्र के एक प्राइवेट अस्पताल में भर्ती कराया। रविवार को उसकी हालत बिगड़ी, तो परिजन उसे लेकर जिला अस्पताल भागे। जगदीश ने रास्ते में ही दम तोड़ दिया। अस्पताल पहुंचने पर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इसी गांव के मिथलेश की पत्नी शीला देवी (30), टिल्लू की पुत्री परवीन (8), कल्लू का पुत्र आदित्य (9), कल्लू (35), राम खेलावन (36) आदि बुखार से पीड़ित हैं। इसी क्षेत्र के माखूबेहड़ निवासी सुरेश का पुत्र विकास (9) भी बुखार से पीड़ित है। उसे जिला अस्पताल से डॉक्टरों ने लखनऊ रेफर किया है। इस क्षेत्र के सोंसरी, कम्हरिया, बोधवा, हरखीबेहड़ आदि गांवों में दर्जनों लोग बुखार से पीड़ित हैं।

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