सिद्धार्थनगर : तहसील मुख्यालय पर अतिक्रमण का बोलबाला है। आश्चर्य तो ये है कि इन दिनों सड़क की पटरी जहां स्टैंड के रूप में इस्तेमाल हो रही है, वहीं जगह-जगह स्टाल व छोटी-छोटी दुकानें भी सड़क से सटा कर रख दी गई हैं। ऐसे में जहां राहगीर हलकान है, वहीं जब देखो जाम का झाम भी नागरिकों की परेशानी की वजह बना रहता है।

डुमरियागंज में अतिक्रमण ला इलाज बन गया है। इन दिनों अवैध कब्जे की होड़ लगी हुई है। मुख्य चौराहे पर ठेले वाले जहां दबंगई दिखा रहे हैं, वहीं स्टेट बैंक मुख्य शाखा के सामने मोटर साइकिलें इस तरह खड़ी कर दी जा रही हैं, कि पटरी कौन, सड़क का हिस्सा भी अतिक्रमण की चपेट में आ जाता है। गर्मी शुरू होते ही जूस, कोल्डड्रिंक आदि के स्टाल व छोटी-छोटी दुकानें सज गई हैं। ये दुकान पूरी तरह मुख्य मार्ग से सटा कर लगाई जा रही है। हैरानी की बात ये है कि प्रतिदिन अतिक्रमण परेशानी का कारण बन रहा है, इसके बाद भी इस पर न तो तहसील प्रशासन की नजर पड़ रही है और न ही पुलिस व नगर पंचायत प्रशासन की।

अमित कुमार व प्रेम प्रकाश ने कहा कि चौराहे के अलावा एसबीआई के पास सर्वाधिक दिक्कतें हो रही हैं। सुहेल अहमद व रविवार कुमार ने कहा कि मंदिर चौराहे से लेकर बैदौला चौराहे तक अतिक्रमण की समस्या बनी हुई है, मगर प्रशासन पूरी तरह मूक दर्शक बना हुआ है। सुरेन्द्र कुमार, मेराज अहमद, राम भवन, कमाल, सुनील कुमार आदि ने पुलिस, तहसील व नपा प्रशासन से अभियान के तहत अतिक्रमण से निजात दिलाने की मांग की है।

Posted By: Jagran