सिद्धार्थनगर : पराली जलाई तो फिर इसका अंजाम भी भुगतना पड़ेगा। सेटलाइट पर हो रही निगरानी में जिले की रिपोर्ट बहुत खराब जा रही है, जिसको लेकर प्रशासन सख्त हो गया है। बुधवार को ब्लाक सभागार में ग्राम प्रधानों के साथ प्रशासनिक अधिकारियों ने बैठक के माध्यम से संवाद बनाया। किसानों को इस दिशा में समझाने के साथ जागरूक करने की बात कही गई। एसडीएम अभिषेक पाठक ने कहा कि पराली जलाई तो जुर्माने के साथ एफआइआर दर्ज कराई जाएगी।

एसडीएम ने प्रधानों से आह्वान किया इस दिशा में सभी लोग सहयोग दें, जिससे पराली न जलने पाए। पराली जलाने की घटना हुई तो एक हेक्टेयर पर ढाई हजार रुपये जुर्माना है। एक हेक्टेयर से ऊपर पर पांच हजार और पांच हेक्टेयर के ऊपर पर 15 हजार का जुर्माना लगाने का प्रविधान है। फिर भी घटना नहीं रुकती है तो मुकदमा पंजीकृत कराया जाएगा। कोरोना टीकाकरण में भी सभी लोग जागरूकता दिखाएं और अपने गांव में सौ फीसद वैक्सिनेशन सुनिश्चित कराएं। संचारी रोग नियंत्रण अभियान चल रहा है, इसमें साफ-सफाई की व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया जाए। विशेष मतदाता पुनरीक्षण कार्यक्रम चल रहा है, जो भी छूटे हों, उनका फार्म भरवा दें, जिससे कोई पात्र छूटने न पाए। अन्त्योदय कार्ड धारकों के लिए भी आयुष्मान कार्ड बनाए जा रहे हैं, जो पात्र हों, उनका आवेदन करा दें। पुलिस क्षेत्राधिकारी रमेश चंद्र पाण्डेय ने कहा कि गांव में कोई समस्या आती है तो प्रधान वहीं पर बैठक करके समाधान कराने का प्रयास करें। आवश्यकता पड़ने पर इसकी जानकारी प्रशासन को दें और सहयोग लें। खंड विकास अधिकारी आनंद कुमार गुप्ता ने कहा कि बूथों का निरीक्षण कर लें। रैम्प, पेयजल, बिजली, चहार दीवारी सहित सभी जरूरी सुविधाएं बूथों पर उपलब्ध होनी चाहिए। सहायक विकास अधिकारी (पंचायत) राजेश पाण्डेय, यूनिसेफ समन्वयक रिजवाना अंसारी सहित राघवेंद्र प्रताप सिंह, तुषार चौबे, अनवर अली, कामरान अहमद, शकील, विजय प्रकाश, राम शंकर उपाध्याय आदि उपस्थित रहे।

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