'तेरे-मेरे सपने' होंगे सच, सुलझेंगी दिल की उलझनें; शादी से पहले 'काउंसलिंग' की फ्री क्लास के लिए खुला सेंटर
शामली में राष्ट्रीय महिला आयोग के मार्गदर्शन में 'तेरे मेरे सपने' नामक विवाह पूर्व संवाद केंद्र शुरू हुआ है। यह ...और पढ़ें

AI जेनरेटिड फोटो
HighLights
सम्मान व जिम्मेदारी का पाठ पढ़ाएगा शामली का विवाह पूर्व संवाद केंद्र।
राष्ट्रीय महिला आयोग के मार्गदर्शन में हुई है केंद्र की स्थापना।
अनुज सैनी, शामली। महानगरीय व्यवस्था में वैवाहिक रिश्तों में बढ़ रहे अलगाव के मामलों को लेकर पुलिस, मानवाधिकार और महिला आयोग जैसे कई संगठन विभिन्न कार्यक्रम संचालित करते हैं। यह व्यवस्था अब शामली जैसे छोटे शहरों तक भी पहुंच रही है। यहां राष्ट्रीय महिला आयोग के मार्गदर्शन में विवाह पूर्व संवाद केंद्र "तेरे मेरे समने' की नींव रखी गई है।
यह पहल युवाओं को वैवाहिक जीवन की राह पर समन्वय के साथ चलने की सीख दे रही है। केंद्र उन्हें बेहतर संवाद के जरिए रिश्ते निभाने के गुर सिखाएगा। युवक हो या युवती इस केंद्र पर आ सकते है। परामर्श की कोई फीस नहीं है।
भारतीय समाज में विवाह से पहले कुंडलियों का मिलान होता रहा है। आधुनिकता के दौर में मेडिकल रिपोर्ट का भी प्रचलन उभरा। इसके बावजूद दहेज प्रथा, घरेलू हिंसा और कोर्ट-कचहरी के चक्कर कम नहीं हो रहे हैं। यही वजह है कि शामली में आठ अगस्त से विवाह पूर्व संवाद केंद्र तेरे-मेरे सपने शुरू किया गया है।
वन स्टाॅप सेंटर में संचालित इस केंद्र में अब तक चार युवतियां विवाह से पूर्व अपने सवालों को लेकर उपस्थित हो चुकी हैं, जिनकी काउंसलिंग शुरू की गई है। यहां आने वाली युवतियों के सवालों में प्रमुख रूप से, पारिवारिक मन-मुटाव से कैसे बचे?, मन-मुटाव होने पर क्या करें? अपने संवाद को बेहतर कैसे करे? आदि प्रमुख हैं।
राष्ट्रीय महिला आयोग दिल्ली से विशेष प्रशिक्षण प्राप्त साइको सोशल काउंसलर प्रीति और सेंटर मैनेजर गजाला त्यागी काउंसलिंग कर रही हैं। केंद्र में युवतियों को वैवाहिक जीवन के लिए मानसिक और भावनात्मक रूप से तैयार किया जा रहा है। इसमें परस्पर सहयोग, पारिवारिक सामंजस्य एवं व्यक्तिगत व्यवहार मुख्य है।
मैरिज ब्यूरो और आंगनबाड़ी केंद्रों से जुड़ेगी मुहिम
ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से जल्द ही प्रचार-प्रसार शुरू कराया जाएगा। विभाग ने हेल्पलाइन नंबर 9412102300 भी जारी किया है। वर्तमान में यह केंद्र कस्बा बनत स्थित ट्रांजिट हास्टल के वन स्टाॅप सेंटर में संचालित किया गया है। इस माह के अंत में यह केंद्र नहर पटरी पर सीएमओ कार्यालय के बराबर में निर्मित नए भवन में स्थानांतरित हो जाएगा।
युवतियां इस तरह कर रहीं सवाल
युवतियों के सवालों में प्रमुख रूप से, पारिवारिक मन-मुटाव से कैसे बचे?, मन-मुटाव होने पर क्या करें? अपने संवाद को बेहतर कैसे करे? वशेषज्ञ केंद्र में इनकी काउंसलिंग कर कर रहे हैं।
इन्होंने कहा...
बिखरते परिवारों और अदालती मुकदमों के पीछे बड़ा कारण शादी के शुरुआती दौर में संवाद की कमी है। तेरे-मेरे सपने केंद्र युवाओं को मानसिक रूप से वैवाहिक जीवन की चुनौतियों के लिए तैयार करेगा ताकि वे एक मजबूत और स्थायी परिवार का निर्माण कर सकें।
- मोहम्मद मुश्फेकिन, जिला प्रोबेशन अधिकारी
