शामली, जेएनएन। कांवड़ यात्रा शुरू होने वाली है, लेकिन सड़कों के गड्ढ़े अभी तक नहीं भरे गए हैं। बारिश से गड्ढ़े और गहरे हो गए हैं। मौसम नहीं खुला तो मरम्मत का काम भी नहीं हो सकेगा। ऐसे में शिवभक्तों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।

दो सप्ताह पहले जिलाधिकारी अखिलेश सिंह ने कांवड़ यात्रा मार्ग के खेड़ी बैरागी गांव से लेकर कैराना क्षेत्र में हरियाणा सीमा तक का खुली जीप में निरीक्षण किया था। निर्माण एजेंसी को 15 जुलाई तक गड्ढ़ों से सड़कों को मुक्त करने के निर्देश दिए थे। यह मार्ग पानीपत-खटीमा राष्ट्रीय राजमार्ग का हिस्सा है। जिलाधिकारी ने चेतावनी दी थी कि अगर समय सीमा के भीतर काम नहीं हुआ तो संबंधित के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया जाएगा। इसके बाद कांवड़ यात्रा की तैयारी को लेकर मंडलायुक्त संजय कुमार ने भी कलक्ट्रेट में बैठक ले सड़कों की मरम्मत करने के लिए निर्देशित किया था, जिससे शिवभक्तों को कोई तकलीफ न हो। कुछ दिन पहले राज्यमंत्री सुरेश राणा ने भी सड़कों को गड्ढ़ामुक्त करने के निर्देश दिए थे। इस सब के बावजूद अभी तक भी मार्ग का हाल बुरा है। 17 जुलाई से श्रावण शुरू हो जाएगा और दूर-दराज के कांवड़ियों का भी जल्द आगमन होने लगेगा। मेरठ-करनाल हाईवे का भी बुरा हाल

शामली से झिझाना होते हुए काफी कांवड़िए हरियाणा की ओर जाते हैं। मेरठ से शामली तक के मार्ग को तो ठीक कर दिया गया है, लेकिन शामली से झिझाना तक की सड़क का बुरा हाल है। अभी तक इस मार्ग पर भी गड्ढ़े भरने का काम शुरू नहीं हुआ है। दिल्ली रोड पर चलना खतरे से खाली नहीं

हरिद्वार से शामली, बड़ौत होते हुए कांवड़िए हरियाणा और दिल्ली जाते हैं। यह दिल्ली-यमुनौत्री राष्ट्रीय राजमार्ग है और शामली जिले में इस मार्ग की हालत बेहद खराब है। बागपत से बड़ौत तक को तो निर्माण चल रहा है, लेकिन अभी तक शामली जिले की सीमा में निर्माण शुरू नहीं हुआ है।

----

यात्रा शुरू होने से पहले कांवड़ मार्ग के गड्ढ़ों को भरवा दिया जाएगा। इसकी नियमित मॉनिटिरंग हो रही है। जिलाधिकारी की अध्यक्षता में जल्द एक समीक्षा बैठक होगी।

-आनंद कुमार शुक्ल, अपर जिलाधिकारी, शामली कांवड़ यात्रा मार्ग का जिलाधिकारी के साथ निरीक्षण किया गया था। इसके गड्ढ़े भरने का काम जल्द शुरू किया जाएगा। दिल्ली-यमुनौत्री मार्ग पर बागपत से बड़ौत तक काम शुरू हो चुका है और दूसरे फेस में शामली क्षेत्र में काम होना है। इसलिए फिलहाल इसकी मरम्मत की कोई योजना नहीं है। मेरठ-करनाल हाईवे पर शामली से झिझाना तक मार्ग की मरम्मत के लिए भी टेंडर हो चुके हैं।

-राहुल दुबे, अधिशासी अभियंता, एनएचएआई।

Posted By: Jagran

अब खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस, डाउनलोड करें जागरण एप