जागरण संवाददाता, रामपुर : रामजन्म भूमि बाबरी मस्जिद मुकदमे में आया फैसला ऐतिहासिक है। यह फैसला भविष्य में आपसी भाईचारा बढ़ाएगा। देश को प्रगति की ओर ले जाएगा। यह कहना है कि हिदू संगठनों के पदाधिकारियों का। फैसले को लेकर हिदू संगठनों के पदाधिकारियों द्वारा दी गई प्रतिक्रियाएं। सर्वोच्च न्यायालय का यह निर्णय ऐतिहासिक है। इससे जहां हिदू समाज खुश है, वहीं मुस्लिम भाइयों ने भी फैसले का स्वागत किया है। इस फैसले से देश में भाईचारा और बढ़ेगा। देश प्रगति की ओर अग्रसर होगा। अब हम सभी की जिम्मेदारी है कि ऐसा कोई काम न करें, जिससे किसी की भावनाएं आहत हों।

योगेंद्र चौहान, विभाग कार्यवाह आरएसएस(मुरादाबाद विभाग) सुप्रीम कोर्ट के फैसले से खुशी है। अच्छा फैसला है, जिसका दोनों पक्षों ने स्वागत किया है। अब दोनों पक्ष अपने-अपने धार्मिक स्थलों का निर्माण कराएंगे। विश्व हिदू परिषद द्वारा इस बार अयोध्या में 21 नवंबर को निकलने वाली राम बारात का आयोजन भव्य तरीके से मनाया जाएगा।

धनंजय पाठक, विशेष संपर्क प्रमुख राष्ट्रीय कार्यकारिणी विश्व हिदू परिषद। हम सुप्रीम कोर्ट के फैसले का स्वागत करते हैं। कोर्ट ने दोनों पक्षों की भावनाओं का सम्मान करते हुए फैसला सुनाया है। 1992 में हमारे नेतृत्व में यहां से कारसेवक अयोध्या गए थे। तब बजरंग दल मेरठ प्रांत के संयोजक होने के कारण वहां हमें गिरफ्तार किया था। आज हमें इंसाफ मिल गया।

अनिल वशिष्ठ, पूर्व प्रांत संयोजक बजरंग दल। सुप्रीम कोर्ट का यह फैसला देश को एकता के सूत्र में बांधने वाला है। इस फैसले से न किसी की जीत हुई और न किसी की हार, बल्कि सालों से चला आ रहा विवाद समाप्त हो गया। न्यायाधीशों का राष्ट्र के बारे में निर्भीक, भेदभाव रहित, जन सामान्य के हित में दिया हुआ निर्णय है। इसे देश के सभी नागरिकों ने हृदय से स्वीकार किया है।

डॉ. राधेश्याम शर्मा बासन्तेय, प्रमुख आचार्य।

Posted By: Jagran

अब खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस, डाउनलोड करें जागरण एप