रामपुर : अदालत ने दो लाख रुपये की रंगदारी मांगने, दुष्कर्म का झूठा मुकदमा कराने आदि आरोपों में फंसे किसान नेता की जमानत अर्जी मंजूर कर ली है। शहजादनगर थाना क्षेत्र के ग्राम मझरा मेघानगला कदीम के जगदीश पुत्र सोहन लाल के चाचा जानकी प्रसाद की दो साल पहले हत्या हुई थी। इस हत्या की रिपोर्ट जगदीश के पिता ने कराई थी। मुकदमे में मोमिनपुर अहमदाबाद गांव के जमुना प्रसाद समेत अन्य लोगों को नामजद किया था। आरोप है कि जमुना प्रसाद मुकदमे में समझौते का दबाव बना रहा था। छह अक्टूबर को उसने अपने साथियों की मदद से जगदीश को रास्ते में घेर लिया था। मुकदमा वापस लेने का फिर दबाव बनाया। दो लाख रुपये की रंगदारी भी मांगी। ऐसा न करने पर दुष्कर्म के झूठे केस में फंसाने की धमकी दी। बाद में बाजार नसरुल्ला खां की एक महिला से दुष्कर्म का झूठा मुकदमा भी करा दिया। गंज पुलिस ने मुकदमे की जांच की तो दुष्कर्म का आरोप झूठा पाया। गंज पुलिस ने दुष्कर्म का झूठा मुकदमा कराने, रंगदारी मांगने आदि के आरोप में शहजादनगर थाना क्षेत्र के मोमिनपुर अहमदाबाद गांव के जमुना प्रसाद, यहीं के राहत जान, अजीतपुर के किसान नेता मुजम्मिल पुत्र फारूख और यामीन के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की थी। पुलिस ने इस मामले में आरोपित किसान नेता और मुकदमा कराने वाली महिला समेत तीन को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। किसान नेता ने अधिवक्ता डीके नंदा के माध्यम से अदालत में प्रार्थना पत्र दिया। अधिवक्ता ने बताया कि अदालत ने किसान नेता की जमानत अर्जी मंजूर कर ली है।

Posted By: Jagran

अब खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस, डाउनलोड करें जागरण एप