यूपी टीईटी का विज्ञापन इसी माह जारी करने की तैयारी, पहले ही घोषित की जा चुकी है परीक्षा आयोजन की तिथि
उत्तर प्रदेश में शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) का विज्ञापन मार्च माह में जारी होने की संभावना है। यह परीक्षा उत्तर ...और पढ़ें

टीईटी का विज्ञापन मार्च माह में उप्र शिक्षा सेवा चयन आयोग जारी कर सकता है।
HighLights
पहली बार उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग कराएगा यह पात्रता परीक्षा
अभी तक यह परीक्षा उत्तर प्रदेश परीक्षा नियामक प्राधिकारी कराता रहा है
अंतिम बार विज्ञापन अक्टूबर 2021 में निकला था, परीक्षा जनवरी 2022 में हुई
राज्य ब्यूरो, जागरण। प्रदेश के प्राथमिक और उच्च प्राथमिक विद्यालयों की शिक्षक भर्ती के लिए अनिवार्य शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) पहली बार उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग कराएगा। परीक्षा आयोजन की तिथि दो, तीन एवं चार जुलाई आयोग पहले ही निर्धारित कर चुका है। परीक्षा आयोजन में साढ़े तीन महीने का समय रह जाने को देखते हुए आयोग इसी माह टीईटी का विज्ञापन जारी करने की तैयारी में है, ताकि आवेदन लेकर उसी अनुरूप प्रश्नपत्र निर्माण, परीक्षा केंद्र निर्धारण की प्रक्रिया समय रहते पूरी की जा सके।
प्रशिक्षित प्रतियोगी विज्ञापन जारी होने की कर रहे प्रतीक्षा
अभी तक यह परीक्षा उत्तर प्रदेश परीक्षा नियामक प्राधिकारी (पीएनपी) कराता रहा है। अंतिम बार टीईटी का विज्ञापन विज्ञापन अक्टूबर-2021 में पीएनपी ने जारी किया था, जिसकी परीक्षा जनवरी-2022 में कराई गई थी। इसके बाद से प्रशिक्षित प्रतियोगी टीईटी का विज्ञापन जारी होने की प्रतीक्षा कर रहे हैं। शिक्षक भर्तियां कराने के साथ-साथ टीईटी के आयोजन को लेकर भी उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग ने तैयारी कर ली है।
20 जनवरी की बैठक में टीईटी तिथि घोषित हुई थी
शिक्षा आयोग के अध्यक्ष डाॅ. प्रशांत कुमार की अध्यक्षता में 20 जनवरी को हुई बैठक में टीईटी-2026 के आयोजन की तिथि घोषित की गई थी। उसके बाद से अब तक आवेदन लेने के लिए विज्ञापन जारी नहीं किया गया है। विज्ञापन जारी किए जाने को लेकर आयोग ने बैठक में विचार-विमर्श कर योजना तैयार कर ली है। इसी माह विज्ञापन जारी किया जा सकता है।
टीईटी विज्ञापन की मांग के लिए दिया ज्ञापन
सात वर्ष से बेसिक शिक्षक भर्ती की प्रतीक्षा कर रहे प्रतियोगियों ने निर्धारित तिथि पर टीईटी का आयोजन कराए जाने के लिए जल्द विज्ञापन जारी किए जाने की मांग की है, ताकि आवेदन कर उन्हें परीक्षा तैयारी के लिए समय मिल सके। इस संबंध में डीएलएड संघ के सचिव अवनीश यादव के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने शिक्षा सेवा चयन आयोग के अध्यक्ष को संबोधित ज्ञापन सौंपा। कहा गया है कि जल्द आवेदन शुरू किए जाएं, ताकि नई नियमावली और बेसिक व जूनियर की शिक्षक भर्ती का मार्ग भी खुल सके।
लाखों डीएलएड/बीएड प्रशिक्षित अभ्यर्थियों को प्रतीक्षा
कहा कि चार साल से ज्यादा समय से टीईटी नहीं होने से करीब 15 लाख डीएलएड/बीएड प्रशिक्षित अभ्यर्थी इसकी प्रतीक्षा में हैं। कहा है कि अभी तक पाठ्यक्रम जारी नहीं किए जाने से परीक्षा आयोजन के लिए प्रतियोगी असमंजस में हैं। इसके साथ ही उत्तर प्रदेश में आगामी सभी शिक्षक भर्तियों (बेसिक प्रथमिक, जूनियर, टीजीटी-पीजीटी, असिस्टेंट प्रोफेसर में बिहार सहित अन्य राज्य की तरह डोमिसाइल नीति की मांग की गई है। प्रतिनिधिमंडल में पंकज पांडेय, हर्ष दुबे, विजय, ज्ञानेंद्र वर्मा, विशाल आदि सम्मिलित रहे।
