विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यूपी शिक्षा सेवा चयन आयोग के अध्यक्ष और सदस्यों के वेतन-भत्ते में बढ़ोत्तरी, मिलेंगी फ्री आवास और वाहन की सुविधाएं

Published: Fri, 07 Aug 2026 05:30 AM (IST)Updated: Fri, 07 Aug 2026 06:56 AM (IST)

उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग के अध्यक्ष और सदस्यों के वेतन में वृद्धि के साथ कई नई सुविधाएं भी ...और पढ़ें

शिक्षा सेवा चयन आयोग के अध्यक्ष व सदस्यों के वेतन-भत्ते बढ़े।

शिक्षा सेवा चयन आयोग के अध्यक्ष व सदस्यों के वेतन-भत्ते बढ़े।

HighLights

  1. अध्यक्ष व सदस्यों के वेतन में महत्वपूर्ण वृद्धि को मंजूरी मिली।

  2. किराया मुक्त आवास, वाहन, यात्रा भत्ते जैसी नई सुविधाएं मिलेंगी।

  3. सभी वित्तीय व्ययभार आयोग अपने निजी स्रोतों से वहन करेगा।

राज्य ब्यूरो, प्रयागराज। उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग प्रयागराज के अध्यक्ष व सदस्यों के वेतन में वृद्धि के साथ भत्ते व अन्य सेवा-सुविधाएं राज्यपाल की मंजूरी के बाद अनुमन्य की गई हैं। संशोधित वेतन के साथ आवास, वाहन, यात्रा, दूरभाष तथा अवकाश जैसी सुविधाएं देय होंगी। वेतन वृद्धि के अलावा अन्य सुविधाएं नई जोड़ी गई हैं।

अध्यक्ष का प्रतिमाह वेतन 1.75 लाख से बढ़ाकर अब 2.25 लाख रुपये तथा सदस्यों का वेतन 1.47 लाख के स्थान पर 2,05,400 रुपये नियत किया गया है। शासन के विशेष सचिव बद्री नाथ सिंह की ओर से उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग के सचिव को इस संबंध में पत्र भेजा गया है।

पत्र में स्पष्ट है कि वर्तमान व्यवस्था में वेतन के अलावा अन्य सुविधाएं नहीं थीं। अब वेतन वृद्धि के साथ-साथ सुविधाएं प्रदान की गई हैं। नई व्यवस्था में अध्यक्ष व सदस्यों को किराया मुक्त राजकीय आवास प्रदान किया जाएगा।

आवास उपलब्ध न होने पर अध्यक्ष को शासन के उनके समतुल्य श्रेणी के अधिकारियों तथा सदस्यों को 10,000 ग्रेड-पे के अधिकारियों के लिए निर्धारित दरों पर मासिक मकान किराया भत्ता देय होगा।

अध्यक्ष के लिए सरकारी वाहन तथा सदस्यों के लिए वाहन एवं ईंधन भत्ता भी निर्धारित किया गया है। यात्रा भत्ता, दूरभाष व इंटरनेट व्यय के लिए वार्षिक सीमा तय की गई है। अध्यक्ष को प्रतिवर्ष 25 हजार रुपये तथा सदस्यों को 20 हजार रुपये दूरभाष व इंटरनेट व्यय की सुविधा मिलेगी।

इसके अतिरिक्त अर्जित अवकाश, चिकित्सकीय अवकाश, असाधारण अवकाश तथा अवकाश नकदीकरण (लीव एनकैशमेंट) की व्यवस्था को भी स्वीकृति दी गई है। इसमें यह स्पष्ट किया गया है कि नई सुविधा के फलस्वरूप आने वाले समस्त वित्तीय व्ययभार का वहन आयोग अपने स्वयं के निजी स्रोतों से करेगा। सरकार से कोई वित्तीय सहायता नहीं दी जाएगी।

यह भी पढ़ें- प्रयागराज में राहुल गांधी के 'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम को मिली अनुमति, आठ अगस्त केपी ग्राउंड में होगा आयोजन