यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Feb 19, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
UP Politics: सोनिया गांधी रायबरेली से नहीं लड़ेंगी चुनाव, फिर कौन उतरेगा मैदान में? अजय राय ने बताई अंदर की बाद
कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने कहा कि रायबरेली में गांधी परिवार का दावा कायम है। इससे पहले जानकारी ...और पढ़ें

जागरण संवाददाता, प्रयागराज। रायबरेली की सांसद सोनिया गांधी ने राज्यसभा के लिए नामांकन कर दिया है। इससे साफ हो गया कि वो आगामी लोकसभा चुनाव रायबरेली से नहीं लड़ेंगी। इसके बीच कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने कहा कि रायबरेली में गांधी परिवार का दावा कायम है।
हम चाहेंगे कि उन्हीं के परिवार का कोई सदस्य वहां से चुनाव लड़े। इससे कार्यकर्ताओं का उत्साह बढ़ेगा। उन्होंने कहा कि अमेठी व रायबरेली गांधी परिवार के लिए चुनावी क्षेत्र नहीं, बल्कि दूसरा घर है। हर व्यक्ति से उनका भावनात्मक जुड़ाव है। जो कभी खत्म नहीं हो सकता।
प्रदेश अध्यक्ष ने केंद्र व प्रदेश सरकार की नीतियों पर प्रहार करते हुए कहा कि आज किसान, युवा व मजदूर परेशान हैं। पेपर लीक होने से युवाओं का भविष्य अंधकारमय है। हमारे नेता राहुल गांधी उन्हीं की आवाज उठा रहे हैं। इससे हर वर्ग के लोग कांग्रेस से जुड़ रहा है। भविष्य में इसका व्यापक असर दिखेगा।
छात्र के अचेत होने पर हड़कंप
राहुल गांधी ने मऊआइमा के सकरामऊ स्थित रामलीला मैदान में रात्रि प्रवास किया। उनसे मिलने के लिए किसानों, प्रतियोगी छात्रों सहित अन्य संगठन के प्रतिनिधिमंडल को बुलाया गया था, लेकिन वो किसी से नहीं मिले। सबको सोमवार की सुबह मिलने के लिए बुलाया गया। वहां भीड़ अधिक हो गई थी। इससे इलाहाबाद विश्वविद्यालय के छात्र हिमांशु पचौरी अचेत होकर गिर गया। इससे वहां हड़कंप मच गया। उन्हें तत्काल इलाज के लिए एंबुलेंस से पास के अस्पताल भेजा गया।
चुनिंदा लोगों से मिले राहुल
घोष इंटर कालेज में लगे टेंट में राहुल चुनिंदा लोगों से मिले। पहले उन्होंने वरिष्ठ नेता जयराम रमेश, कन्हैया कुमार के साथ बैठक की। इसके बाद राज्यसभा सदस्य इमरान प्रतापगढ़ी उनसे मिलने पहुंचे। वहां भारत जोड़ो न्याय यात्रा के प्रभाव पर चर्चा करते हुए आगे की कार्ययोजना तैयार की गई।
न अपना दल दिखा, न ही सपाई
कांग्रेस ने विपक्षी दलों को एकजुट करके आइएनडीआइए गठबंधन बनाया है। इसमें समाजवादी पार्टी, अपना दल (कमेरावादी) पार्टी जैसे संगठन भी शामिल हैं। अपना दल की नेता विधायक पल्लवी पटेल वाराणसी में राहुल की यात्रा में शामिल हुई थीं, लेकिन प्रयागराज में उन्होंने दूरी बना ली। सपा व अपना दल के कार्यकर्ता राहुल की यात्रा में शामिल नहीं हुए। दोनों दलों के नेताओं ने यात्रा से दूरी बनाए रखी।
