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प्रयागराज, वाराणसी से लखनऊ-मुंबई तक... देश के 50 शहर बनेंगे 'स्वच्छ आदर्श शहर', सरकार ने किया एलान

Published: Wed, 30 Sep 2026 12:25 PM (IST)Updated: Wed, 30 Sep 2026 12:31 PM (IST)

केंद्रीय शहरी विकास मंत्री मनोहर लाल ने देश के 50 शहरों को स्वच्छ आदर्श शहर बनाने की घोषणा की है, जिसमें प्रयागराज, वाराणसी, लखनऊ जैसे शहर शामिल हैं।

यह तस्वीर AI जेनेरेटेड है

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HighLights

  1. 50 शहरों को स्वच्छ आदर्श शहर बनाने का फैसला।

  2. केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल ने की घोषणा, हर दो माह समीक्षा।

  3. प्रयागराज, वाराणसी, लखनऊ सहित कई शहर शामिल।

जागरण संवाददाता, प्रयागराज। स्वच्छ भारत अभियान के तहत आवास व शहरी मामलों के मंत्रालय ने प्रयागराज, वाराणसी, लखनऊ, दिल्ली, व मुंबई सहित देश के 50 शहरों को स्वच्छ आदर्श शहर बनाने का फैसला लिया है।

केंद्रीय शहरी विकास मंत्री मनोहर लाल ने मंगलवार को इसका एलान किया और कहा है कि इन शहरों की प्रगति की वह हर दो महीने में व्यक्तिगत रूप से समीक्षा करेंगे। हालांकि यह नहीं बताया कि चिन्हित किए गए ये शहर कब तक स्वच्छ आदर्श शहर बन जाएंगे।

चिन्हित शहरों में उत्तर प्रदेश के प्रयागराज, आगरा, अयोध्या, लखनऊ, मथुरा व वाराणसी तथा बिहार के गया और पटना को शामिल किया गया है। आवास व शहरी मामलों के मंत्रालय ने यह पहल 51वें प्रगति सम्मेलन में पीएम मोदी के निर्देश के बाद शुरू की है। साथ ही इस पहल को प्रगति-50 नाम भी दिया है।

2016 में शुरू हुआ था स्मार्ट सिटी मिशन

केंद्रीय मंत्री ने इस मौके पर कहा कि 24 राज्यों के ये 50 शहर स्वच्छता के नियमित कार्यों से आगे बढ़कर निरंतर और उच्च प्रदर्शन मानकों के आधार पर देश के बाकी हिस्सों के लिए आदर्श शहर बनकर उभरेंगे। इनमें प्रमुख शहरों, सांस्कृतिक महत्व के शहरों, प्रमुख पर्यटन स्थलों व आर्थिक केंद्रों को शामिल किया गया है।

मंत्रालय से जुड़े अधिकारियों के मुताबिक चयनित किए गए शहरों को अपनी नियमित साफ-सफाई से हटकर कुछ ऐसी पहल भी करनी होगी, जो बाकी शहरों के लिए आदर्श प्रस्तुत कर सकें। वहीं शहरों को आदर्श स्वच्छ शहर बनाने का पूरा जिम्मा नगरीय निकायों को सौंपा गया है।

आवास व शहरी मामलों के मंत्रालय ने इससे पहले शहरों को स्मार्ट बनाने के लिए 2016 में स्मार्ट सिटी मिशन शुरू किया था। इसमें 2018 तक सौ शहर शामिल किए गए थे। इसकी भी जिम्मेदारी राज्य सरकार व नगरीय निकायों को दी गई थी। हालांकि इस मिशन के तहत अब तक कितने शहर स्मार्ट बन पाए इसका कोई ब्यौरा नहीं दिया गया।

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