विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

पुलिस सत्यापन में देरी से अभ्यर्थिता प्रभावित न हो, इलाहाबाद HC का सीनियर डिविजनल सिक्योरिटी कमिश्नर RPF ओडिशा को निर्देश

By shyam mishra Edited By: Brijesh Srivastava
Published: Sun, 29 Mar 2026 07:59 PM (IST)

इलाहाबाद हाई कोर्ट ने सीनियर डिविजनल सिक्योरिटी कमिश्नर रेलवे सुरक्षा बल ओडिशा को निर्देश दिया है कि याची की अभ्यर्थिता ...और पढ़ें

इलाहाबाद हाई कोर्ट।

इलाहाबाद हाई कोर्ट।

HighLights

  1. एकल पीठ ने बलिया के रोहित यादव एवं अन्य याचिका की सुनवाई करते हुए दिया आदेश

  2. याची रेलवे भर्ती बोर्ड की कांस्टेबल भर्ती अधिसूचना के अंतर्गत अंतिम रूप से चयनित अभ्यर्थी है

विधि संवाददाता, प्रयागराज। इलाहाबाद हाई कोर्ट ने सीनियर डिविजनल सिक्योरिटी कमिश्नर रेलवे सुरक्षा बल ओडिशा को निर्देश दिया है कि याची की अभ्यर्थिता में उसके खिलाफ दर्ज अपराध का पुलिस सत्यापन में देरी आड़े न आए। इसकी प्रक्रिया प्रभावित न हो।

एकलपीठ ने याचिका पर की सुनवाई 

यह आदेश न्यायमूर्ति सौरभ श्रीवास्तव की एकल पीठ ने बलिया के रोहित यादव एवं अन्य याचिका की सुनवाई करते हुए दिया है। कोर्ट ने स्पष्ट निर्देश दिया कि केवल लंबित पुलिस सत्यापन के आधार पर अभ्यर्थी की अभ्यर्थना को प्रभावित नहीं किया जाएगा।

बलिया के रोहित ने याचिका में की मांग

मामले के अनुसार, याची रोहित यादव ने न्यायालय के समक्ष प्रार्थना करते हुए 20 जनवरी 2021 की चार्जशीट तथा 14 सितंबर 2021 के संज्ञान/समन आदेश को निरस्त करने के साथ राज्य बनाम संत कुमार यादव एवं अन्य थाना नगरा, बलिया से संबंधित संपूर्ण कार्यवाही को निरस्त करने की मांग की। याचिका में निवेदन किया गया है कि वाद के लंबित रहने के दौरान आगे की कार्यवाही पर रोक लगाई जाय।

अगली सुनवाई नौ अप्रैल को  

याची रेलवे भर्ती बोर्ड की कांस्टेबल भर्ती अधिसूचना के अंतर्गत अंतिम रूप से चयनित अभ्यर्थी है। आपराधिक प्रकरण के कारण उसका पुलिस सत्यापन लंबित होने से उसकी नियुक्ति प्रक्रिया प्रभावित होने की आशंका उत्पन्न हो गई थी। न्यायालय ने अपने आदेश में यह निर्देशित किया कि केवल लंबित आपराधिक प्रकरण अथवा पुलिस सत्यापन के आधार पर अभ्यर्थी की अभ्यर्थना को निरस्त या प्रभावित नहीं किया जा सकता। उक्त मामले में अगली सुनवाई नौ अप्रैल को होगी।

यह भी पढ़ें- बहू अपने सास-ससुर को भरण-पोषण भत्ता देने के लिए कानूनी रूप से बाध्य नहीं, इलाहाबाद HC का महत्वपूर्ण फैसला

यह भी पढ़ें- रिट कार्यवाही में नियुक्त व्यक्ति को सुनवाई का है अधिकार, इलाहाबाद हाई कोर्ट ने दिया महत्वपूर्ण आदेश