घुइसरनाथधाम : सावन मास में शिव के जलाभिषेक की श्रद्धालुओं में प्रबल आस्था है। शनिवार की रात से शुरू हुई बारिश भी लोगों को भोलेनाथ के दर्शन पूजन से डिगा नहीं सकी। रविवार को सुबह बारिश में भीगते हुए श्रद्धालु घुइसरनाथधाम पहुंचे और जलाभिषेक कर आशीर्वाद मांगा। वहीं महिलाएं बारिश में भीगते हुए मंदिर की परिक्रमा करती नजर आईं। बम बम भोले, हर हर महादेव के जयकारे से रविवार को भी मंदिर परिसर गुंजायमान रहा। बारिश के बावजूद सैकड़ों भक्तों ने यहां पहुंचकर जलाभिषेक किया। सुबह आरती के बाद बाबा का जलाभिषेक व दर्शन पूजन के लिए मंदिर का कपाट खुला। इसके बाद जयकारे के साथ जलाभिषेक शुरू हुआ। महंथ मयंक भाल गिरि भक्तों से सावन में शिव की महत्ता का बखान भी कर रहे हैं। वहीं मंदिर समिति के लोग अनिल गिरि, शीतला प्रसाद गिरि, लवकुश शाहू, धर्मेंद्र शुक्ल, वीरेंद्र मणि तिवारी, संजीव सिंह के साथ श्रद्धालुओं को कोविड गाइड लाइन के पालन के प्रति जागरूक करते भी दिखे।

दीवानगंज प्रतिनिधि के अनुसार आस्था की नगरी पौराणिक स्थल बाबाबेलखर नाथ धाम पर रविवार देर शाम तक आस्था की बहार रही। सुबह चार बजे भगवान भोलेनाथ का कपाट खुलते ही क्षेत्र एवं जनपद के कोने कोने से आए हजारों श्रद्धालुओं ने गंगाजल पुष्प,धतूर,रोली, बेलपत्र,दूध,धूप, अगरबत्ती से भगवान भोलेनाथ का विधि विधान से जलाभिषेक तथा दर्शन पूजन किया। श्रद्धालुओं के चिकित्सा के लिए सीएचसी बाबाबेलखर नाथ धाम अस्पताल की स्वास्थ्य टीम धाम पर लगी रही। सुरक्षा के लिए दीवानगंज चौकी इंचार्ज सूर्य प्रताप सिंह, एसआइ अमित मिश्रा फोर्स के साथ धाम पर रहे। वहीं स्थानीय सेवा समिति के शीतला प्रसाद उर्फ मदन सिंह, रमानाथ सिंह,नारेंद्र प्रसाद ओझा, मुरलीधर गिरी, राजमणि त्रिपाठी, अजीत ओझा,बाके सिंह,अरुण सिंह,राम शिरोमणि विश्वकर्मा, सुधाकर सिंह,बाके सिंह सहित अन्य का योगदान रहा।

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