पीलीभीत,जेएनएन : शुक्रवार की रात माधोटांडा-खटीमा मार्ग पर सड़क पार करते हुए एक बाघ को देखा गया था। अब उसी मार्ग पर एकसाथ चार बाघ घूमते हुए दिखाई दिए। यह ²श्य देख मार्ग से गुजरने वाले राहगीर रोमांचित हो उठे। जब तक बाघों का कुनबा सड़क पर रहा, तब तक यातायात थमा रहा। कुछ देर बाद चारों बाघ सड़क किनारे झाड़ियों में चले गए, तब मार्ग पर पर यातायात सुचारू हो गया। उधर वन विभाग की ओर से बाघों की सुरक्षा के लिए निगरानी बढ़ा दी गई है।

यह मार्ग जंगल के बीच से गुजर रहा है। ऐसे में अक्सर बाघ, तेंदुआ और दूसरी तरह के वन्यजीव एक ओर से निकलकर दूसरी ओर से जंगल में आवागमन करने के लिए सड़क पार करते हैं। कई बार वन्यजीव सड़क पर देर तक विचरण करते रहते हैं। शुक्रवार की सायं माधोटांडा के कुछ लोग कार में सवार होकर खटीमा से वापस लौट रहे थे। डगा मोड़ के निकट सड़क पर उन लोगों ने एक साथ चार बाघों को घूमते हुए देखा तो सभी रोमांचित हो उठे। उन लोगों ने काफी दूर ही अपनी कार रोक ली। इसी दौरान कार में सवार एक व्यक्ति ने अपने मोबाइल से इन बाघों की वीडियो बना ली। इसी बीच एक बाघ सड़क से उतरकर झाड़ियों की ओट में चला गया जबकि तीन बाघ काफी झाड़ी के निकट सड़क पर ही बने रहे। बाद में उसी साइड की झाड़ियों में तीनों बाघ गुम हो गए। इसके बाद मार्ग पर आवागमन पुन: शुरू हो गया। वन विभाग के लोगों के अनुसार जो चार बाघ घूमते दिखे हैं। उनमें से संभवत: एक बाघिन और उसके तीन शावक हो सकते हैं। क्योंकि नर बाघ अकेला ही घूमना पसंद करता है,उसके इलाके में दूसरा बाघ नहीं जा सकता। वरना दोनों में संघर्ष हो जाता है। बहरहाल यह वीडियो शनिवार की सुबह से ही इंटरनेट मीडिया पर वायरल हो रहा है। इससे पहले शुक्रवार को रात में सड़क पार करता हुआ एक बाघ देखा गया था। फोटो खींचकर एक राहगीर ने वायरल कर दी थी। पीलीभीत टाइगर रिजर्व के महोफ रेंज के वन क्षेत्राधिकारी वजीर हसन का कहना है कि यह मार्ग जंगल के बीच से गुजर रहा है। इसी वजह से अक्सर बाघ तथा दूसरे वन्यजीव जंगल से निकलकर सड़क पर विचरण करने लगते हैं। वन्यजीवों की सुरक्षा तथा राहगीरों को सचेत करने के लिए विभाग की टीम निगरानी पर लगी है।

मैं कार चालक हूं। खटीमा आना जाना लगा रहता है। यह मार्ग जंगल के बीच से निकला है। इसी कारण सड़क पर अक्सर बाघ देखने को मिलता है। टाइगर रिजर्व से जुड़ा क्षेत्र है। ऐसे में मार्ग से गुजरते समय सावधानी बरतनी पड़ती है।

मुहम्मद जाबिर

पर्यटकों को बाघ के दीदार के लिए सफारी करना पड़ती है। कई बार पर्यटकों को जंगल में भ्रमण के दौरान बाघ के दीदार हो जाते हैं। जिन पर्यटकों को बाघ के दीदार नहीं हो पाते, वे अफसोस करते हैं लेकिन स्थानीय लोगों को तो अक्सर बाघ दिख जाते हैं। मुझे कई बार सड़क पर घूमते बाघ के दीदार हुए।

अनिल गिरि

उत्तराखंड जाते समय अक्सर लोगों को सड़क पर बाघ दिख जाता है। मैं कई बार जंगल के बीच से निकल रहे मार्ग पर बाघ को देखकर रोमांचित हुआ। इस मार्ग पर गुजरने के दौरान सावधान रहना पड़ता है, क्योंकि सड़क के दोनों ओर जंगल है।

आसिफ खान

Edited By: Jagran