पीलीभीत : सहकारी गन्ना विकास समिति पीलीभीत में आठ हजार संदिग्ध सट्टे पकड़े गए, जिससे हड़कंप मच गया। इस मामले में बरेली मंडल के उप गन्ना आयुक्त ने एससीडीआई के नेतृत्व में दो सदस्यीय समिति बनाकर जांच करने के निर्देश दिए हैं। जनपद की अन्य समितियों में सट्टों की जांच कराई जाएगी।

जनपद में पेराई सत्र 2018-19 की तैयारियों को लेकर गन्ना विकास पूरी तरह मुस्तैद है। इस संबंध में चीनी मिलों को निर्देश दिए जा चुके हैं। इसी श्रृंखला में उप गन्ना आयुक्त बरेली मंडल सतेंद्र ¨सह ने सहकारी गन्ना विकास समिति पीलीभीत का निरीक्षण किया, जिसमें गन्ना पेराई तैयारियों के बारे में जानकारी हासिल की। पटल सहायकों से पूछताछ कर योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की। इसके बाद उप गन्ना आयुक्त कंप्यूटर कक्ष पहुंचे, जहां पर कंप्यूटर पर सट्टों का निरीक्षण करने के दौरान गन्ना समिति क्षेत्र में आठ हजार संदिग्ध सट्टे पाए गए, जिसमें से 300 सट्टों की पुष्टि हो चुकी है। कंप्यूटर पर चे¨कग के दौरान पाया गया कि एक व्यक्ति का सट्टा कई गांवों में चल रहा है, जिसमें पिता-पति का नाम भी एक जैसा है। गन्ना समिति के अभिलेखों में अजयपाल पुत्र नत्थूलाल का सट्टा मुड़िया रामकिशन में चल रहा है। इसी नाम का सट्टा धौरेरा में चलता पाया गया। इसी तरह आशा देवी पत्नी प्रमोद कुमार अस्थना में मेंबर है। यही सट्टा भैंसहा में चलता पाया गया। निरीक्षण के दौरान आठ हजार गन्ना सट्टे संदिग्ध पाए गए, जिसमें 300 लोगों की पुष्टि हो गई। इनके बैंक खाते भी एक जैसे हैं। उप गन्ना आयुक्त ¨सह ने बताया कि कंप्यूटर सिस्टम में एनालिसिस करने के दौरान आठ हजार गन्ना सट्टे संदिग्ध पाए गए हैं। इन सट्टों की जांच के लिए दो सदस्यीय कमेटी बना दी गई है, जिसमें एससीडीआइ रामभद्र द्विवेदी और गन्ना समिति के सचिव जितेंद्र कुमार को शामिल किया गया है। जांच कमेटी को एक सप्ताह में रिपोर्ट सौंपने के निर्देश दिए गए हैं। सिस्टम में समिति से 60 हजार गन्ना सप्लायर है, जिसमें 52000 सप्लायर फीड हो चुके हैं। ऐसे में आठ हजार सप्लायर बचने चाहिए। उसके स्थान पर बीस हजार का आंकड़ा सामने आ रहा है। उन्होंने कहा कि डबल सट्टा संचालित करने वाले किसानों का गन्ना मूल्य रोक दिया जाएगा, जिसमें सरकारी खाते में जमा करा दिया जाएगा। जनपद की अन्य गन्ना समितियों के गन्ना सट्टों की जांच कराई जाएगी। समिति में घंटों डटे रहे उप गन्ना आयुक्त

उप गन्ना आयुक्त बरेली मंडल सतेंद्र ¨सह ने सहकारी गन्ना विकास समिति का दोपहर बाद निरीक्षण किया। निरीक्षण के बाद संदिग्ध सट्टे पकड़ में आ गए। उसके बाद से रात साढ़े सात बजे तक उप गन्ना आयुक्त जांच पड़ताल करते रहे। गन्ना विभाग के अधीनस्थ अधिकारियों को दिशा निर्देश देते रहे।

Posted By: Jagran

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