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सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला: प्रदूषण फैलाया तो तुरंत कटेगा चालान, बोर्ड को मिली वसूली की शक्ति

Published: Wed, 26 Aug 2026 04:33 PM (IST)

सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को अब प्रदूषण फैलाने वालों पर जुर्माना लगाने और उसकी वसूली करने ...और पढ़ें

प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को मिली शक्ति अब जुर्माना लगाकर कर सकेगा वसूली।

प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को मिली शक्ति अब जुर्माना लगाकर कर सकेगा वसूली।

HighLights

  1. प्रदूषण फैलाने वालों पर अब सख्त कार्रवाई होगी।

  2. बोर्ड को जुर्माना लगाने और वसूली का अधिकार मिला।

  3. जुर्माने की कार्रवाई अब लंबित नहीं रहेगी।

जागरण संवाददाता, नोएडा। प्रदूषण फैलाने वालों पर अब कार्रवाई और सख्त होगी। सुप्रीम कोर्ट ने प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को जुर्माना लगाने के साथ- साथ उसकी वसूली करने की शक्ति भी दे दी है। इस फैसले के बाद उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड प्रदूषण के मामलों में त्वरित कार्रवाई कर सकेगा।

प्रदूषण के रोकथाम को लेकर केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने भी तैयारियां तेज कर दी हैं। पिछले वर्ष प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड
से जुर्माना वसूलने की शक्ति वापस ले ली गई थी। इसके चलते बोर्ड जुर्माना तो लगा सकता था, लेकिन उसकी वसूली के लिए
उसे नोएडा प्राधिकरण पर निर्भर रहना पड़ता था।

अब कोर्ट के निर्देश के बाद जुर्माना लगाने और उसकी वसूली दोनों की जिम्मेदारी प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की होगी। इससे प्रदूषण फैलाने वाले उद्योगों, निर्माण एजेंसियों और अन्य जिम्मेदार संस्थाओं पर कार्रवाई में तेजी आने की उम्मीद है।

नौ साल में 35 करोड़ की वसूली अटकी

आंकड़े बताते हैं कि पिछले नौ वर्षों में बोर्ड करीब 35 करोड़ रुपये के जुर्माने की वसूली नहीं कर सका। जुर्माना लगाने और वसूलने की अलग-अलग व्यवस्था के कारण कार्रवाई का असर सीमित रहा। नई व्यवस्था में बोर्ड के पास कार्रवाई की पूरी शक्ति होने से लंबित वसूली के मामलों में भी तेजी आने की उम्मीद है। सुप्रीम कोर्ट ने त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए हैं, जिससे प्रदूषण नियंत्रण की मुहिम को और प्रभावी बनाने का रास्ता साफ हुआ है। अब प्रदूषण फैलाना महंगा ही नहीं, तत्काल कार्रवाई का कारण भी बनेगा।

साल पेनल्टी अमाउंट (रुपए में)
2015 00
2016 00
2017 37,65,000
2018 1,70,80,000
2019 2,09,65,000
2020 1,15,55,000
2021 1,67,20,000
2022 1,55,02,000
2023 4,35,67,000
2024 9,04,26,875
2025 10,19,48,500

जिन साइट्स पर खामियां पाई जाने पर जुर्माना लगाने के साथ वसूली भी विभाग कर सकेगा। जिससे जुर्माना कार्रवाई पेंडिंग नहीं होगी। - रीतेश कुमार तिवारी, क्षेत्रीय अधिकारी, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, गौतमबुद्ध नगर

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