विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

नोएडा हादसा: कलर से लेकर परमिट उल्लंघन, 2.65 लाख के 61 चालान; फिर भी दौड़ रही थी 'नौ मौतों' वाली बस

Published: Fri, 25 Sep 2026 05:15 AM (IST)Updated: Fri, 25 Sep 2026 06:29 AM (IST)

यमुना एक्सप्रेसवे पर बस में आग लगने से नौ लोगों की मौत यातायात नियमों की घोर अनदेखी का नतीजा थी। ...और पढ़ें

News Article Hero Image

HighLights

  1. यमुना एक्सप्रेसवे बस अग्निकांड: नौ मौतें यातायात नियमों की घोर अनदेखी का परिणाम।

  2. बस मालिक ने कठिन नियमों से बचने को कई राज्यों से फर्जी दस्तावेज बनवाए।

  3. 2.65 लाख के 61 चालान के बावजूद बस पर कोई कार्रवाई नहीं हुई।

मुनीश शर्मा, नोएडा। यमुना एक्सप्रेसवे पर बस में आग लगने से नौ लोगों की मौत की दुर्घटना कोई संयोग नहीं, बल्कि यातायात नियमों की अनदेखी का नतीजा है। आल इंडिया परमिट की बस का मालिक राजकुमार इतना शातिर है कि उसने कठिन नियमों से बचने के लिए बस का पंजीकरण राज कल्पना ट्रैवल्स नाम से बिहार के मधुबनी में कराया और संचालन छतरपुर मध्यप्रदेश से दिखाया। वर्तमान में बस का संचालन दिल्ली से मोहबा हो रहा था। इतना ही नहीं फिटनेस राजस्थान और प्रदूषण प्रमाण पत्र हरियाणा से बनवाया।

आरसी में बस का रंग काला दर्ज है, जबकि वर्तमान में बस का रंग सफेद, पीला व लाल कर रखा था। बस की ऊंचाई चार फीट ज्यादा मिली। यह नियमानुसार गलत है। इस आधार पर बस को सीज और ब्लैकलिस्ट किया जा सकता था, लेकिन ऐसा नहीं किया गया। बस सड़क पर दौड़ती रही। विभागीय अधिकारियों ने बस की न तो जांच की और न ही उसे सीज किया। नतीजन, यह घटना हो गई।

चालक-परिचालक भी प्रशिक्षित नहीं थे। हादसे से चंद मिनट पहले भी एक यात्री सुनील ने बदबू आने की शिकायत की थी। उसको भी अनसुना किया गया। बस का जनवरी में कम उम्र के चालक से संचालन करने पर दिल्ली में चालान हुआ था। अप्रैल 2023 से अब तक 2.65 लाख के 61 चालान परमिट, ओवरस्पीड आदि के हो चुके हैं।

अभी 1.75 लाख के 19 चालान बकाया हैं। बस को सीज करने के लिए वैकल्पिक वाहन न होने की बात कहकर कार्रवाई नहीं की गई। गाजियाबाद संभाग के आरटीओ डाक्टर सियाराम वर्मा ने कहा कि नियम उल्लंघन होने पर वाहन सीज करने की कार्रवाई का प्रविधान है।


1.75 लाख के बकाया 19 चालान

समय चालान उल्लंघन जगह
19 अगस्त 26 15 हजार परमिट दिल्ली
19 अगस्त 26 18,500 ओवरलोड दिल्ली
21 जुलाई 26 10,000 सुरक्षा उल्लंघन व अन्य कानपुर
14 मई 26 10,500 ओवरलोड दिल्ली
02 मई 26 2000 ओवरलोड नोएडा
01 मार्च 26 5,000 आरसी व अन्य कानपुर
22 फरवरी 26 500 परमिट कानपुर
15 जनवरी 26 15,000 डीएल उल्लंघन व अन्य नोएडा
25 अक्टूबर 25 500 ओवरलोड दिल्ली
05 अक्टूबर 25 4000 फायर, ध्वनि, एजेंट देहरादून
16 अगस्त 25 12,500 डीएल, ध्वनि गाजियाबाद
12 अगस्त 25 26,000 ओवरलोड इटावा
09 जून 25 11,500 सुरक्षा उल्लंघन व अन्य हरिद्वार
30 मई 25 5500 बस की ऊंचाई दिल्ली
30 मई 25 5500 आरसी वायोलेशन दिल्ली
08 मई 25 4500 परमिट व अन्य दिल्ली
19 फरवरी 24 6000 सुरक्षा उल्लंघन व अन्य मथुरा
14 अगस्त 23 21,000 परमिट, ध्वनि, सुरक्षा मुजफ्फरनगर
11 अगस्त 23 2,000 सुरक्षा उल्लंघन कानपुर