508 करोड़ के निवेश में 1.42 लाख नौकरियां, माइक्रो यूनिट्स का 95 फीसदी योगदान
ग्रेटर नोएडा में MSME सेक्टर ने रोजगार की राह आसान की है, जहां 508 करोड़ रुपये के निवेश से 1.42 लाख से अधिक लोगों को नौकरी मिली है।

सांकेतिक तस्वीर (AI-Generated Image)
HighLights
1.42 लाख से अधिक लोगों को मिला रोजगार
508 करोड़ रुपये का निवेश MSME सेक्टर में
माइक्रो यूनिट्स ने दिया 95% से ज्यादा रोजगार
रंजीत मिश्रा, ग्रेटर नोएडा। जिले में रोजगार की राह आसान हो रही है और इसका सबसे बड़ा इंजन एमएसएमई सेक्टर बनकर उभरा है। वित्तीय वर्ष 2026-27 में अब तक के आंकड़े इस तेज रफ्तार की कहानी बयां कर रहे हैं।
जिले में कुल 20,793 नई एमएसएमई इकाइयों ने निवेश किया, जिसमें 508 करोड़ रुपये का निवेश धरातल पर उतर आया और 1,42,098 लोगों को रोजगार मिला है। सबसे बड़ी बात यह है कि रोजगार सृजन में सबसे बड़ा योगदान माइक्रो यूनिट्स का रहा। अकेले माइक्रो सेक्टर ने कुल रोजगार का 95 प्रतिशत से अधिक हिस्सा दिया है।
माइक्रो यूनिट्स में कितने करोड़ का निवेश?
जिला उद्योग केंद्र से मिले आंकड़े बताते हैं कि 20,753 माइक्रो यूनिट्स में 336.7 करोड़ रुपये का निवेश हुआ और इससे 1,36,239 लोगों को प्रत्यक्ष रूप से रोजगार मिला है। कम लागत में अधिक रोजगार का यह माडल जिले में सबसे सफल साबित हो रहा है।
वहीं, 36 स्माल यूनिट्स में 108.5 करोड़ रुपये का निवेश आया और 5,638 लोगों को नौकरी मिली, जबकि 4 मीडियम इकाइयों में 62.7 करोड़ रुपये के निवेश पर 221 लोगों को रोजगार सृजित हुआ। जिला उपायुक्त उद्योग पंकज निर्वाण ने बताया कि सरकार की नई एमएसएमई नीति, उद्यम पंजीकरण में आसानी और सब्सिडी योजनाओं से युवाओं का रुझान छोटे उद्योगों की ओर बढ़ा है।
निवेश के साथ रोजगार बढ़ाना लक्ष्य
उन्होंने कहा माइक्रो यूनिट्स कम पूंजी में शुरू हो जाती हैं और स्थानीय स्तर पर सबसे ज्यादा रोजगार देती हैं। हमारा लक्ष्य निवेश के साथ-साथ रोजगार को बढ़ाना है। ग्रेटर नोएडा, जेवर और दादरी क्षेत्र में लेदर, गारमेंट, पैकेजिंग, ट्रेडिंग, सर्विस और इंजीनियरिंग क्षेत्रों में तेजी देखने को मिल रही है।
उन्होंने बताया कि वित्तीय वर्ष खत्म होने तक निवेश और रोजगार का आंकड़ा दोगुना होने की उम्मीद है। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट शुरू होने से एमएसएमई सेक्टर को और बूस्ट मिलना शुरू हो गया है।
किस क्षेत्र में कितना निवेश और रोजगार:
श्रेणी-यूनिट्स-निवेश- रोजगार
माइक्रो- 20753-336.7 करोड़-136239
स्माल- 36-108.5 करोड़-5638
मीडियम- 4-62.7 करोड़-221
यह भी पढ़ें- नई एमएसएमई नीति-2023 से पहाड़ चढ़ेंगे उद्योग, पर्वतीय क्षेत्रों में निवेश पर ₹4 करोड़ तक की रिकॉर्ड सब्सिडी
