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'खाना मिलेगा और सोने को बिस्तर भी देंगे...पर तेंदुए को पकड़ो' मुजफ्फरनगर में वन विभाग की टीम को बंधक बनाकर बोले लाेग

By Dilshad Ali Edited By: Praveen Vashishtha
Published: Sun, 20 Sep 2026 02:13 PM (IST)

Muzaffarnagar News: मुजफ्फरनगर के रोनी हरजीपुर गांव में तेंदुए के आतंक से ग्रामीण दहशत में हैं। तेंदुआ न मिलने पर ...और पढ़ें

वन विभाग की टीम के साथ बैठे लोग और तेंदुए का प्रतीकात्मक फोटो।

वन विभाग की टीम के साथ बैठे लोग और तेंदुए का प्रतीकात्मक फोटो।

HighLights

  1. गांव रोनी हरजीपुर में कई दिनों से तेंदुआ दिखाई देने से ग्रामीण परेशान। 

  2. दस माह से झेल रहे समस्या, आंगन में पशुओं को बांधना भी बंद किया।

जागरण संवाददाता, मुजफ्फरनगर। चरथावल के गांव रोनी हरजीपुर में तेंदुए की आहट से ग्रामीणों में दहशत बनी है। ग्रामीण जंगल जाने से कतरा रहे हैं।

वन विभाग की टीम ने शनिवार रात गांव में पहुंचकर तेंदुए की तलाश की। तेंदुए नहीं मिलने पर ग्रामीणों ने वन विभाग की टीम को बंधक बनाकर बैठा लिया। कहा कि ग्रामीणों के बीच बैठकर खाना खाओ, रात में आराम करो, लेकिन तेंदुए को खोजकर पकड़कर राहत दिलाओ।

चरथावल के गांव रोनी हरजीपुर में पिछले कई दिनों से तेंदुआ दिखाई देने ग्रामीण परेशान है। तेंदुआ जंगलों में घूम रहा है। वर्तमान में खेतों में ईंख की फसल बड़ी हो गई है, जिस कारण तेंदुआ आहट देने के बाद खेतों में छिप रहा है। शनिवार शाम को तेंदुआ दिखाई दिया तो वन विभाग को सूचना दी गई। जिस पर विभागीय कर्मचारी मौके पर पहुंचे और तेंदुए की तलाश की।

ग्रामीणों ने कहा कि लंबे समय से ग्रामीण तेंदुए के घूमने के कारण परेशान हैं। संघर्ष समिति के अध्यक्ष अंकुर राणा, धीर सिंह पुंडीर ने वन विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं। कहा कि ग्रामीण लंबे समय से तेंदुए के डर के साये में रह रहे हैं।

आक्रोशित ग्रामीणों ने वन विभाग की टीम को बंधक बनाकर बैठा लिया। ग्रामीणों ने कहा कि वन विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी गांव में ठहर कर देखें। उन्हें खाना भी मिलेगा और सोने को बिस्तर देंगे, लेकिन तेंदुए को तलाश कर पकड़कर दूर जंगल में छोड़ा जाए।

दस माह से झेल रहे समस्या

ग्रामीणों ने कहा कि पिछले साल दिसंबर में तेंदुआ दिखाई दिया था। उसके बाद से लगातार तेंदुए की आहट रहती है। ग्रामीण एकत्र होने के साथ हाथों में लाठी-डंडे लेकर जंगल की तरफ जाते हैं। तेंदुआ तड़के और देर शाम को जंगल में दिखाई पड़ता है। इससे ग्रामीणों में दशहत है। आंगन में पशुओं को बांधना बंद कर दिया गया है। 

करम सिंह, संजू, राजकुमार पंडित, विजय राणा, रामवीर, अमित राणा, आदेश सागर, सिद्धार्थ सिंह और छोटा राणा ने कहा कि तेंदुए की समस्या को केवल आश्वासन के भरोसे नहीं छोड़ा जा सकता। सोमवार तक तेंदुए को पकड़ने की मांग की गई।