जेएनएन, मुजफ्फरनगर। तीर्थनगरी शुकतीर्थ स्थित सिद्धपीठ माता पूर्णागिरी आश्रम में गुरुवार को ब्रह्मलीन गुरु हनुमान महाराज की सातवीं पुण्यतिथि पर दूरदराज से आए साधु-संतों, जनप्रतिनिधियों व बाबा के अनुयायियों ने श्रद्धांजलि देकर शत-शत नमन किया। इस दौरान हवन-यज्ञ एवं भंडारे का भी आयोजन हुआ। आयोजन में बड़ी संख्या में अनुयायी और स्थानीय लोग उपस्थित रहे।

श्रद्धांजलि सभा में श्रीनंगली साहेब आश्रम के महंत धर्मप्रकाशानंद महाराज ने कहा कि संतों के बताए मार्ग पर चलने से ही भगवान के दर्शन हो सकते हैं। स्वामी महानंद महाराज ने कहा कि संत हमेशा दूसरे के कल्याण के लिए ही तप करते हैं, इसलिए संतों का आदर करना चाहिए। आरएसएस के प्रांतीय गौ-कथा प्रमुख महामंत्री एवं महामंडलेश्वर स्वामी गोपाल दास महाराज ने कहा कि ब्रह्मलीन गुरु हनुमानजी महाराज ने आजीवन समाज की भलाई के लिए कार्य किए। सभा को उदासीन आश्रम के बाबा कृपालदास महाराज, गीतांनद महाराज, ध्यान शांतानंद महाराज, स्वरूपानंद सरस्वती महाराज, राम स्वरूप ब्रह्मचारी महाराज, अमर ज्ञानानंद महाराज, पूनम देवी, श्रीगंगा सेवा समिति के महामंत्री महकार सिंह आदि ने भी संबोधित किया। जिला पंचायत अध्यक्ष डा. वीरपाल निर्वाल ने संतों का माल्यार्पण कर स्वागत एवं आभार प्रकट किया। इससे पूर्व मंत्रोच्चारण के बीच हवन-यज्ञ में पूर्णाहुति देकर ब्रह्मलीन गुरु हनुमानजी की समाधि पर पुष्प अर्पित कर व प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि दी गई। भंडारे में प्रसाद के साथ साधु-संतों को दक्षिणा भी दी गई। कार्यक्रम में भाजपा सांस्कृतिक प्रकोष्ठ के रामकुमार शर्मा, संदीप गुर्जर, जाट महासभा के अनूप वर्मा, चौधरी युद्धवीर सिंह, मोनी बाबा, विनोद शर्मा, विपुल चौधरी, रजत राठी व बिजेंद्र आर्य आदि मौजूद रहे।

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