मुजफ्फरनगर में चाइनीज मांझे में फंसा बगुला, घंटों की कड़ी मशक्कत के बाद मिली आजादी
चरथावल, मुजफ्फरनगर में एक बगुला चाइनीज मांझे में उलझकर पेड़ पर फंस गया, जिससे वह लगभग ढाई घंटे तक छटपटाता ...और पढ़ें

चरथावल सीएचसी परिसर में लगे यूकेलिप्टस के पेड़ से चाइनीज मांझे में फंसा बगुला। सौ.पशुप्रेमी
HighLights
चरथावल कस्बे में चाइनीज मांझे में उलझा बगुला।
ढाई घंटे तक पेड़ पर फड़फड़ाता रहा पक्षी।
पुलिस और पशुप्रेमियों ने सुरक्षित मुक्त कराया।
संवाद सूत्र, चरथावल (मुजफ्फरनगर)। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र परिसर में रविवार को चाइनीज मांझे की चपेट में आकर एक बगुला पेड़ पर फंस गया। मांझे में उलझने के बाद करीब ढाई घंटे तक बगुला पेड़ की डाल से लटककर छटपटाता रहा। सूचना पर पहुंची पुलिस व स्थानीय पशु प्रेमी ने कड़ी मशक्कत के बाद उसे मुक्त कराया।
पशु प्रेमी सन्नी चोपड़ा ने बताया कि सीएचसी परिसर में लगे पेड़ पर करीब 65 फुट की ऊंचाई पर उड़ते समय बगुला अचानक चाइनीज मांझे में उलझ गया। मांझा पेड़ की डाल में फंसा होने के कारण बगुला नीचे नहीं उतर पा रहा था। काफी देर तक वह हवा में लटका फड़फड़ाता रहा। स्वास्थ्यकर्मियों व मरीजों की नजर पक्षी पर पड़ी तो उन्होंने पक्षी को मांझे से मुक्त कराने का काफी प्रयास किया, लेकिन सफल न होने पर उन्होंने इसकी जानकारी पुलिस और पशुप्रेमी को दी।
सूचना पर पहुंची पुलिस ने पशु प्रेमियों के साथ मिलकर बगुले को बचाने के लिए अभियान शुरू किया। करीब ढाई घंटे की मशक्कत के बाद मांझे को सावधानी से काटकर बगुले को मुक्त कराया गया। उसके पंख में मामूली चोट आई थी। प्राथमिक उपचार के बाद बगुले को सुरक्षित खुले स्थान पर छोड़ दिया गया। लोगों ने चाइनीज मांझे की बिक्री और इस्तेमाल पर प्रभावी रोक लगाने की मांग की। लोगों का कहना है कि प्रतिबंध के बावजूद चोरी-छिपे बिक रहा चाइनीज मांझा मानव के साथ-साथ,पक्षियों के लिए जानलेवा साबित हो रहा है।
