जेएनएन, मुजफ्फरनगर। खतौली नगरपालिका की मुश्किलें बढ़ सकती है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने खतौली गंगनहर किनारे कूड़ा डालने के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। इसके लिए क्षेत्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड कार्रवाई करेगा। वहीं, नोटिस के बाद पालिका अधिकारियों ने यहां से कूड़ा हटाने की कवायद प्रारंभ की है। कई किलोमीटर तक गंगनहर किनारे कूड़ा डलने से भू-गर्भ को नुकसान पहुंच रहा है।

दिल्ली निवासी पर्यावरणविद् आकाश वशिष्ठ ने एनजीटी में शिकायत देकर बताया था कि गंगनहर किनारे कूड़ा डाला जा रहा है, जिस कारण भू-गर्भ के साथ पर्यावरण को भी क्षति पहुंच रही है। कूड़ा करीब सात किलोमीटर तक सड़क किनारे डालकर अवैध रूप से डंप किया जा रहा है। इस पर एनजीटी के साथ केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड से कार्रवाई की मांग की गई थी। अब केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने क्षेत्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को इस मामले में आवश्यक कार्रवाई कर अवगत कराने के निर्देश दिए है। बाकायदा, कार्रवाई के साथ क्या-क्या एक्शन लिया गया है, इसकी भी जानकारी भेजने को कहा गया है। उधर, कार्रवाई के खौफ से पालिका ने गंगनहर से कूड़ा हटवाना शुरू कर दिया है। वहीं, समस्त कूड़े को हटाने के लिए एटूजेड प्लांट के साथ अनुबंध करने की तैयारी है। इसके लिए चेयरपर्सन से अनुमोदन मांगा गया है। इन्होंने कहा..

पूर्व में नोटिस देकर कार्रवाई की चेतावनी दी गई थी। कूड़ा हटाने के लिए सख्त निर्देश दिए थे। इस पर कितना अमल हुआ है इसकी जांच कराई जाएगी। उसके बाद केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को आख्या भेजी जाएगी।

-अंकित सिंह, क्षेत्रीय प्रदूषण नियंत्रण अधिकारी।

गंगनहर किनारे से कूड़ा शत-प्रतिशत समाप्त करने के लिए कार्ययोजना तैयार है। एटूजेड प्लांट को कूड़ा उठाने के लिए प्रस्ताव बनाया गया है, जिसके अनुमोदन के लिए पालिकाध्यक्ष को फाइल भेजी गई है।

-जेपी यादव, ईओ, नगरपालिका