मुरादाबाद, जेएनएन। जिला पंचायत अध्यक्ष पद के चुनाव की तिथि घोषित होने के साथ ही राजनीतिक सक्रियता तेज हो गई है। सभी दल अपने-अपने उम्मीदवारों के जीतने के दावे कर रहे हैं। हालांकि, दावों की हकीकत तीन जुलाई को ही पता चलेगी। जिला पंचायत सदस्य चुने जाने के बाद से ही सभी दल उन्हें अपने पाले में लाने की जुगत में लग थे, जो चुनाव की घोषणा होने के साथ ही और तेज हो गई है।

जिला पंचायत अध्यक्ष के चुनाव की घोषणा मंगलवार को कर दी गई। इसके तहत 26 जून को नामांकन होगा, 29 जून तक नामांकन वापसी होगी और तीन जुलाई को मतदान, मतगणना और परिणाम की घोषणा होगी। जिला पंचायत अध्यक्ष चुनाव के परिणाम हमेशा से सत्ता पक्ष के पाले में होते आए हैं। फिर भी सभी दल अपने-अपने प्रत्याशी की जीत के दावे कर रहे हैं। मुरादाबाद में 39 वार्ड में 12 जिला पंचायत सदस्यों के साथ बसपा ने सबसे बड़ी पार्टी के तौर पर अपनी जगह बनाई है। वहीं, सपा के पास 11 और भाजपा के पास 10 जिला पंचायत सदस्य, चार निर्दलीय और आप व एआइएमआइएम के एक-एक सदस्य हैं। समाजवादी पार्टी को छोड़कर अभी तक किसी भी दल ने अपना प्रत्याशी घोषित नहीं किया है। समाजवादी पार्टी की ओर से अमरीन जहां को जिला पंचायत अध्यक्ष के अपना प्रत्याशी बनाया गया है। वहीं दूसरी ओर भाजपा की ओर से भी डॉ. शैफाली सिंह के नाम पर संगठन की मुहर लगभग लग चुकी है। हालांकि, अभी पार्टी के दूसरे गुट की ओर से अपने पक्ष के सदस्य को उम्मीदवार बनाए जाने के लिए एड़ी चोटी का जोर लगा रहे हैं।

भाजपा ज‍िलाध्‍यक्ष का दावा : भाजपा जिलाध्यक्ष राजपाल सिंह जनपद के 39 सदस्यों में से 34 सदस्यों का समर्थन अपने पास होने का दावा कर रहे हैं। बसपा की ओर से भी प्रत्याशी घोषित नहीं हुआ है, लेकिन वह प्रत्याशी घोषित करने से पहले जीत के लिए पर्याप्त सदस्यों का समर्थन जुटाने में लगे हुए हैं।

खूब चल रही नोटों की बात : जिला पंचायत अध्यक्ष पर अपने प्रत्याशी को जिताने के लिए सभी दल दिन रात जिला पंचायत सदस्यों को मनाने में जुटे हैं। उन्हें तरह-तरह के लालच दिए जा रहे हैं। नोटों की भी खूब बात चल रही है। दो दिन पहले ही सपा के माननीय का सदस्य के पति से अपने पाले में वोटिंग कराने के लिए बीस लाख रुपये दिए जाने का ऑफर देते हुए आडियो वायरल हुआ था। इसमें उन्होंने आरोप भी लगाया था कि भाजपा ने अपने खेमे में शामिल सदस्यों को रिजार्ट में ठहराया हुआ है और वहां खूब पार्टी चल रही हैं।

सदस्य भी दे रहे चकमा : जिला पंचायत सदस्य भी इस अवसर को खूब अच्छी तरह से समझ रहे हैं और इसे भुनाने का अवसर नहीं छोड़ रहे हैं। सभी राजनीतिक दलों के नेताओं को अपने चारों ओर चक्कर लगवा रहे हैं। सभी को अपने समर्थन की लालीपाप थमा रहे हैं। उनके इस आश्वासन के बल पर भी पार्टियों के जिलाध्यक्ष अपनी जीत के दावे कर रहे हैं। पर असल में वोट किसे मिलेगा, वह तो मतदान वाले दिन ही पता चलेगा।

 

Edited By: Narendra Kumar