मुरादाबाद : शराब के नशे में पिता अपने तीन साल के बेटे को रेलवे स्टेशन पर छोड़ गया। स्टेशन पर मौजूद लोगों ने इसकी जानकारी जीआरपी को दी। रात में जीआरपी को बच्चा मिला तो उसे सीडब्ल्यूसी भेजा गया।

बिहार के कटियार का रहने वाला सिकंदर मुरादाबाद के ठाकुरद्वारा थाना क्षेत्र में मजदूरी करता है। मंगलवार को तीन साल के बेटे अजय और मां के साथ वह कटियार जाने के लिए मुरादाबाद जंक्शन पहुंचा था। नशे का लती सिकंदर मां और बेटे को छोड़ वह मयखाने की तलाश में निकल पड़ा। इधर मासूम अजय कुछ ही देर में दादी की आंखों से ओझल हो गया। इस घटना ने बुजुर्ग महिला के होश उड़ा दिए। काफी प्रयास के बाद भी उसे न तो अजय मिला और न ही सिकंदर लौटा। इस पर वह ठाकुरद्वारा लौट गई। देर रात प्लेटफार्म पर लावारिस हालत में टहल रहे अजय पर जीआरपी की नजर गई। थाने लाने के बाद उसे बुधवार को सीडब्ल्यूसी में पेश किया गया। तभी जीआरपी ने बाल कल्याण समिति को सूचना दी कि सिंकदर रेलवे स्टेशन लौटा है। वह दावा कर रहा है कि अजय उसका बेटा है। सिकंदर ने समिति को बताया कि वह शराब के नशे में अपना होश खो बैठा था। इसके चलते बेटा लापता हो गया तो दूसरी तरफ वह समय से अपने घर भी नहीं पहुंच पाया। सिकंदर के दावे की पूरी पड़ताल करने के बाद सीडब्ल्यूसी के अध्यक्ष गुलजार अहमद, सदस्य नीतू सक्सेना, मिंदर सिंह, विंसेंट राम व गोपाल कृष्ण उपाध्याय की पीठ ने बच्चे को उसके हवाले कर दिया।

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