रामपुर, जेएनएन। सांसद आजम खां के रामपुर पब्लिक स्कूल की इमारत को ध्वस्त करने के आदेश जारी कर दिए गए हैं। इस संबंध में रामपुर विकास प्राधिकरण ने बुधवार को नोटिस दे दिया, जिसमें चेतावनी दी गई है कि खुद अवैध निर्माण को तोड़ लें, वरना प्राधिकरण ध्वस्तीकरण की कार्रवाई करेगा। प्राधिकरण सचिव बैजनाथ ने स्वयं स्कूल पहुंचकर काम करा रहे सुपरवाइजर को नोटिस थमा दिया।

ये है पूरा मामला

जौहर यूनिवर्सिटी रोड पर सराय गेट घोसियान में रामपुर पब्लिक स्कूल की इमारत में प्लास्टर का काम चल रहा है। इसका निर्माण मौलाना मुहम्मद अली जौहर ट्रस्ट द्वारा कराया जा रहा है। इस ट्रस्ट के अध्यक्ष आजम खां हैं। इसी ट्रस्ट द्वारा मुहम्मद अली जौहर यूनिवर्सिटी और शहर में चार रामपुर पब्लिक स्कूल संचालित हो रहे हैं। घोसियान की इमारत में भी पहले स्कूल चल रहा था लेकिन, अब निर्माण कार्य चल रहा है। प्राधिकरण सचिव बैजनाथ की ओर से स्कूल प्रबंधक को जारी नोटिस में कहा कि आरडीए से इस इमारत को बनाने की अनुमति नहीं ली गई है। नियमानुसार प्राधिकरण क्षेत्र में कोई भी निर्माण कार्य अनुमति लेने के बाद ही कराया जाता है ङ्क्षकतु आपके द्वारा प्राधिकरण के बिना अनुमति के अनाधिकृत निर्माण किया गया है। क्षेत्रीय अवर अभियंता द्वारा स्थल पर कई बार काम रुकवाया गया, ङ्क्षकतु उनके हटते ही फिर वहां काम शुरू करा दिया गया। अब भी काम चल रहा है, जिसे रोका जाना आवश्यक है। यहां बता दें कि सपा सरकार कार्यकाल के दौरान भी रामपुर विकास में भी नोटिस जारी हो चुका था।

आरडीए ने सपा शासनकाल में दे दिए थे ध्वस्तीकरण के आदेश

सपा सरकार में ही रामपुर पब्लिक स्कूल के ध्वस्तीकरण के आदेश का नोटिस जारी हो चुका था। सचिव बैजनाथ ने बताया कि इस संबंध में प्राधिकरण द्वारा 14 सितंबर 2016 को नोटिस जारी किया गया, जिसको आरडीए के कर्मचारी हरद्वारी लाल ने तामील कराई। उसने अपनी आख्या में कहा कि मौके पर नोटिस लेने से मना कर दिया गया तो उसने मकान की दीवार पर चस्पा कर दिया। इस मामले में उपस्थित न होने पर 23 अक्टूबर 2016 को फिर नोटिस जारी किया गया। इस मामले में आरडीए द्वारा 24 दिसंबर 2016 को ध्वस्तीकरण का आदेश पारित किया गया, जिसमें 15 दिन के अंदर निर्माण को स्वयं हटाकर प्राधिकरण को सूचित करने के निर्देश दिए गए, लेकिन अनाधिकृत निर्माण नहीं हटाया गया, बल्कि पुन: कार्य शुरू कर दिया गया। नोटिस में कहा है कि अंतिम रूप से सूचित किया जाता है कि मौके पर किए जा रहे कार्य को तत्काल बंद कराकर ध्वस्तीकरण आदेश का क्रियान्वयन कराकर प्राधिकरण को सूचित करें। अन्यथा प्राधिकरण द्वारा ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की जाएगी।

सप्ताहभर पहले हुई थी शिकायत

आरपीएस की इस इमारत को लेकर सप्ताहभर पहले कांग्रेस नेता फैसल लाला के साथ शहजादी बेगम नामक महिला ने जिलाधिकारी से शिकायत दर्ज कराई थी, जिसमें कहा था कि पहले यहां उनका घर था। सपा शासन काल में उन समेत तमाम लोगों को जबरन घरों से निकालकर कब्जा कर लिया गया। उन्होंने दोबारा अपनी जमीन पर कब्जा दिलाने की मांग की थी।  

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस