मुरादाबाद, जागरण संवाददाता। वाणिज्यकर विभाग के इतिहास में यह पहली बार है, जब इतने बड़े पैमाने पर अधिकारियों पर कार्रवाई हुई है। देश की आजादी के बाद 26 फरवरी 1948 को बिक्री कर विभाग की स्थापना की गई थी, यह अब वाणिज्य कर रूप में स्थापित है। लेकिन अभी तक वाणिज्यकर विभाग के अधिकारियों के ऊपर कभी निलंबन की कार्रवाई नहीं हुई है। यह पहली बार है जब मुरादाबाद वाणिज्यकर विभाग में उच्च अधिकारियों के साथ नीचे के सभी 14 अधिकारियों के खिलाफ निलंबन की कार्रवाई हुई है। इस कार्रवाई के बाद कार्यालय के अधिकारियों के साथ कर्मचारी भी सहम गए हैं। कोई कर्मचारी इस मामले में बोलने को तैयार नहीं है।

यह पहला मौका जब अधिवक्ताओं के सभी गुट ने एक साथ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मिलकर शिकायत की थी। मामले की जानकारी होने के बाद मंडलायुक्त आन्जनेय कुमार सिंह को जांच सौंपी गई थी। अक्टूबर माह में मंडलायुक्त ने कार्यालय का औचक निरीक्षण करके दो फाइलों को तलब किया था। इन्हीं फाइलों को देखने के बाद ही 14 अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई तय हो गई थी। देर शाम जैसे विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों को इस मामले की खबर लगी,उसी दौरान सभी ने अपने मोबाइल फोन बंद कर लिए। कोई भी इस मामले को लेकर स्पष्ट रूप से टिप्पणी करने बच रहा था। लेकिन इस एतिहासिक कार्रवाई को लेकर सभी हैरान और परेशान भी हैं।

आनलाइन कार्यशाला में रोजगार कौशल के दिए टिप्स :  टिमिट में बार्कलेज़ जीटीटी की ओर से आयोजित दस दिवसीय रोजगार कौशल पर हुई कार्यशाला में व्यवहारिक ज्ञान को बढ़ाया गया। विश्व की बार्कलेज जीटीटी ने टिमिट के प्रांगण में एमबीए द्वितीय वर्ष के विद्यार्थियों को बार्कलेज की ओर से प्रशिक्षक सुनीता कुमारी व दीपक कश्यप ने छात्र-छात्राओं को रिज्यूम राइटिंग, इंटरव्यू स्किल्स, ग्रुप डिस्कशन, टीम बिल्डिंग, परसेप्शन मैनेजमेंट, स्ट्रेस मैनेजमेंट करियर के रास्ते में आने वाली रुकावटों के बारे में आनलाइन जानकारी दी। विद्यार्थियों को लगातार कई नये तरीके की एक्टिविटीज के साथ बहुत कुछ सीखने का मौका मिला, जिसमें गेम्स, डिबेट, इंटरव्यू स्किल्स, माक इंटरव्यू ग्रुप डिस्कशन कराए गये।

 

Edited By: Narendra Kumar