मुरादाबाद, जेएनएन। Corona Effect News : कोरोना महामारी से ठीक होने के बाद लोगों को समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। सोमवार को कोविड एल-टू अस्पताल में दो खांसी के मरीज भर्ती किए गए। इनमें से दोनों के फेफड़ों पर भी इंफेक्शन दिखाई दिया। खांसी का आलम ये था कि लगातार खांसी के धसकों की वजह से मरीज को सांस लेने में भी परेशानी हो रही थी।

कटघर रामपुर रोड के रहने वाले 48 वर्षीय बुजुर्ग 15 मई को कोरोना संक्रमित हुए थे। उनकी दूसरी रिपोर्ट 26 मई में निगेटिव हो गई। इसके बाद उन्हें कमजोरी रही। परिवार के लोग समझते रहे कि कोरोना के बाद शरीर में कमजोरी तो रहेगी। ये सोचते हुए किसी ने चिकित्सक से परामर्श नहीं किया। दो जून से उन्हें खांसी शुरू हो गई। लगातार खांसी होने पर जब चिकित्सक को दिखाया तो उन्होंने सीटी चेस्ट कराया। इसमें फेफड़ों पर संक्रमण की पुष्टि हुई।

सीटी स्कोर बढ़ा हुआ था। उन्हें तत्काल एल-टू अस्पताल के कोविड केयर वार्ड में भर्ती कर इलाज शुरू कर दिया गया। इलाज शुरू होने के साथ ही खांसी में कुछ कमी आई। वहीं दिल्ली रोड खुशहालपुर के रहने वाले 39 वर्षीय युवक का बुखार नहीं उतर रहा था। जिला अस्पताल में परीक्षण कराया तो उन्हें कोविड केयर वार्ड में भर्ती कर इलाज शुरू कर दिया गया।

नींद की भी हो रही परेशानी

कोरोना संक्रमण से ठीक होने के बाद लोगों की नींद उड़ चुकी है। रात-रातभर करवटें बदलते हुए रात निकल रही है। दिन के समय नींद कुछ देर के लिए आती है। कोरोना संक्रमितों के सामने इस तरह की समस्या आ रही है। जिला अस्पताल की ओपीडी में इस तरह के मरीज भी पहुंच रहे है।

कोरोना संक्रमण से ठीक होने के बाद मरीजों में खांसी की समस्या हो रही है। ऐसे हालात में खानपान में सावधानी बरतें। मीठा खाने से परहेज करें। कोई भी दिक्क्त हो तो अस्पताल में परीक्षण कराएं। डॉ. संजीव बेलवाल, प्रभारी एल-टू अस्पताल

Edited By: Ravi Mishra