मीरजापुर में भारी बारिश की वजह से पर्यटकों के लिए बंद हुआ सिद्धनाथ दरी का द्वार
मीरजापुर का प्रसिद्ध सिद्धनाथ दरी भारी बारिश और जलस्तर बढ़ने के कारण अनिश्चितकाल के लिए बंद कर दिया गया है। ...और पढ़ें

दरी के मुख्य प्रवेश द्वार को बड़े-बड़े बोल्डर व झाड़ियों को रखकर किया सील।
HighLights
सिद्धनाथ दरी भारी बारिश के कारण अनिश्चितकाल के लिए बंद।
जलस्तर बढ़ने और डूबने की आशंका से प्रशासन का निर्णय।
पर्यटकों की सुरक्षा हेतु मुख्य प्रवेश द्वार सील किया गया।
जागरण संवाददाता, सक्तेशगढ़ (मीरजापुर)। जनपद के प्रसिद्ध पर्यटक स्थलों में शुमार सिद्धनाथ दरी को प्रशासन ने अत्यधिक बारिश के चलते पानी का बहाव तेज देख अनिश्चितकाल के लिए बंद कर दिया है। दरी के मुख्य प्रवेश द्वार पर बड़े-बड़े बोल्डर और झाड़ियाें को रखकर रास्ता पूरी तरह से सील कर दिया गया है, ताकि कोई पर्यटक अंदर न जा सके।
गत एक सप्ताह से बारिश और ऊपरी बांधों से छोड़े जा रहे पानी के कारण क्षेत्र के सभी नदी और नालों का जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर पहुंच गया है। सिद्धनाथ दरी में जलस्तर अचानक बढ़ने से डूबने की घटनाओं की आशंका बनी रहती है। इसी को देखते हुए जिला प्रशासन व वन विभाग ने संयुक्त रूप से यह निर्णय लिया है।
प्रभागीय वनाधिकारी राकेश कुमार के निर्देशन में वन क्षेत्राधिकारी आनंद शेखर उपाध्याय के नेतृत्व में वन विभाग की टीम मौके पर पहुंचकर कार्रवाई की। टीम ने मेन गेट पर बड़े पत्थर, लकड़ी के लट्ठे और कंटीली झाड़ियां लगाकर आवागमन पूरी तरह प्रतिबंधित कर दिया। इसके साथ ही वहां सूचना बोर्ड भी लगाया गया है।
इस संंबंध में वन क्षेत्राधिकारी ने बताया कि मानसून के दौरान हर साल सिद्धनाथ की दरी में पानी का बहाव तेज हो जाता है, जो पर्यटकों के लिए जानलेवा साबित हो सकता है। पिछले वर्षों में भी हादसे हो चुके हैं, इसलिए एहतियात के तौर पर यह कदम उठाना जरूरी था। पर्यटकों से अपील की गई है कि जब तक मौसम सामान्य नहीं हो जाता और नदी का जलस्तर कम नहीं हो जाता, तब तक सिद्धनाथ की दरी की तरफ न जाएं।
