जागरण संवाददाता, मीरजापुर : कटरा कोतवाली के गनेशगंज मोहल्ला निवासी हरिशंकर सोनी ने पारिवारिक कलह के चलते मंगलवार की रात अपने कमरे में पंखे के चुल्ले में साड़ी का फंदा लगाकर फांसी लगा ली। बुधवार की सुबह देर तक वे कमरे से बाहर नहीं निकले तो स्वजन उनको उठाने के लिए पहुंचे। कई बार दरवाजा खटखटाया फिर भी अंदर से कोई आवाज नहीं आई। यह देख स्वजनों ने खिड़की से झांककर देखा तो वे फांसी के फंदे पर झूल रहे थे। तत्काल पुलिस को सूचना दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव फंदे से नीचे उतरवाकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।

बताया गया कि हरिशंकर की पत्नी करीब आठ बजे पूर्व वाराणसी के एक युवक से फेसबुक पर दोस्ती हो गई थी। दोनों के बीच बढ़ती नजदीकियों का हरिशंकर ने विरोध किया महिला युवक के यहां जाकर वाराणसी में रहने लगी थी। यह देख हरिशंकर ने मामले की शिकायत पुलिस से की। पुलिस छानबीन करते हुए वाराणसी पहुंची तो युवक महिला को लेकर गुजरात चला गया। सर्विलांस के माध्यम से उसका लोकेशन लिया गया तो गुजरात में उसका होना पाया गया। पुलिस वहां पहुंची और महिला व युवक को बरामद कर मीरजापुर ले आई। यहां आने के बाद युवक को छोड़ दिया गया जबकि महिला को हरिशंकर के हवाले कर दिया गया। घर आने पर महिला अपने पति हरिशंकर व अपने दो बेटों के साथ रहने लगी। कुछ दिन तक सब ठीक रहा, लेकिन एक महीने बाद वह फिर उसी लड़के के साथ गायब हो गई। यह देख हरिशंकर ने 25 जनवरी की रात अपने कमरे में पंखे के चुल्ले में साड़ी का फंदा लगाकर झूल गए। मरने से पहले उन्होंने एक सुसाइड नोट लिखा । जिसमें बताया कि जब उनकी पत्नी गुजरात से लाई गई तो उन्होंने उससे अपने लिए नहीं बल्कि बच्चों के लिए साथ रहने की बात कही। ताकि उनका भविष्य खराब न हो, लेकिन उसने उनकी एक बात नहीं सुनी। महिला ने हरिशंकर से कहा कि उसको साथ रखना हैं तो उसको पांच लाख रुपये दें अन्यथा दोबारा चली जाएगी। उनके पास रुपये नहीं होने के कारण वह दोबारा उसी लड़के के यहां चली गई। मृतक के छोटे भाई ने उनकी पत्नी के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए कोतवाली में तहरीर दी है।

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