टूटेंगी सब रजिस्ट्रार के अधिकार की सीमाएं, जिले के किसी भी कोने की संपत्ति का कर सकेंगे बैनामा; मेरठ में हैं इनके 6 ऑफिस
Property deed registration: बैनामा कराने वालों को अब उप निबंधकों के निर्धारित सीमा क्षेत्रों से मुक्ति मिलेगी। नई व्यवस्था के ...और पढ़ें

प्रतीकात्मक फोटो
HighLights
शासन की मेरठ सहित कई जिलों में बैनामा करने का अधिकार देने की तैयारी।
जनता को मिलेगा लाभ, नहीं करना होगा बैनामा कराने के लिए इंतजार।
जागरण संवाददाता, मेरठ। बैनामा कराने के लिए कई दिन इंतजार करने और अत्यधिक भीड़भाड़ की समस्या से आम जनता को छुटकारा दिलाने के लिए शासन ने कई जनपदों में तैनात उप निबंधकों के कार्यालयों के लिए निर्धारित सीमा क्षेत्रों को खत्म करने की तैयारी कर ली है। इनमें मेरठ भी शामिल है।
यह व्यवस्था लागू होने के बाद कोई भी उप निबंधक (Sub-Registrar) पूरे जिले की किसी भी संपत्ति का बैनामा कर सकेगा। बैनामा कराने वाले लोग अपनी मर्जी से उप निबंधक कार्यालय का चयन कर सकेंगे। मेरठ जनपद को शासन ने छह उप निबंधकों के सीमाक्षेत्रों में बांट रखा है।
सरधना और मवाना तहसील मुख्यालयों पर एक-एक और शहर में चार उप निबंधक हैं। जनपद में वर्षभर में लगभग 85 हजार बैनामे पंजीकृत कराए जाते हैं। यानि हर महीने सात हजार से ज्यादा बैनामों का औसत है। अधिवक्ताओं और दस्तावेज लेखकों का कहना है कि कार्यक्षेत्र निर्धारित होने के कारण संतुलन नहीं बन पा रहा है। कहीं भीड़ तो कहीं कार्यालय खाली पड़ा रहता है।
हाल ही में शासन ने मेरठ शहर के चारों सब रजिस्ट्रार के कार्यक्षेत्र की सीमाओं को समाप्त कर दिया था। तभी से शहर के किसी भी कोने की संपत्ति का बैनामा चारों में से किसी भी कार्यालय में कराया जा सकता है। इससे लोगों को काफी राहत मिली।
जिले में उप निबंधकों के कार्यक्षेत्र की सीमाएं समाप्त होने के बाद सरधना और मवाना के लोग शहर में तथा शहर के लोग सरधना, मवाना तहसील में बैनामा पंजीकृत करा सकेंगे।
इन्होंने कहा....
जल्द इस नई व्यवस्था के संबंध में आदेश प्राप्त होने की उम्मीद है। आदेश के बाद पूरे जिले में कहीं भी बैनामा हो सकेगा।
मनोज कुमार, उप महानिरीक्षक निबंधन
