मेरठ, जेएनएन। छात्र आदित्य शर्मा की मौत की गुत्थी उलझती जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और सीसीटीवी फुटेज से हत्या का कोई सुराग नहीं मिला है। उसके दोस्तों और ट्यूटर से भी पूछताछ की गई, लेकिन कोई ठोस लाइन नहीं मिली। इससे यह नतीजा निकाला जा रहा है कि आदित्य की मौत हादसे में हुई। हालाकि उसके दो दोस्त हिरासत में हैं, जिनसे पूछताछ की जा रही है।

रिठानी गाव निवासी सुशील शर्मा उर्फ शीलू एक निजी कंपनी में चालक हैं। सुशील का बड़ा बेटा आदित्य शर्मा महेंद्र सिंह स्मारक स्कूल में कक्षा नौ का छात्र था। सोमवार शाम तीन बजे वह घर से ट्यूशन के लिए निकला था। घर से सौ मीटर की दूरी पर ट्यूटर गौरव से ट्यूशन पढ़कर दोस्तों के साथ घर के लिए निकल गया, लेकिन पहुंचा नहीं। मंगलवार को उसके सहपाठी चित्राश के बताने पर घर से पाच सौ मीटर दूरी पर टंकी के पास झाड़ी में आदित्य का शव मिला। परिवार ने हत्या का आरोप लगाकर अज्ञात में मुकदमा दर्ज करा दिया। पुलिस ने आदित्य के दोस्तों चित्राश, शिवम और आलोक को पूछताछ के लिए हिरासत में ले लिया। शिक्षक गौरव को भी पूछताछ के लिए परतापुर थाने में बुलाया गया। अभी तक इन बिंदुओं पर हुई जांच

1. सीसीटीवी फुटेज

आदित्य का शव टंकी के पास झाड़ी में मिला है। टंकी के आसपास मकानों पर लगे सभी सीसीटीवी कैमरों का करीब 15 घटे का रिकार्ड खंगाला गया। करीब सवा पाच बजे आदित्य अपने दोस्तों के साथ टंकी के पास जाता दिख रहा है। उसकी पीठ पर बैग टंगा है और हाथ में मोबाइल है। वह झाड़ी के अंदर जाता है। इसके दस मिनट बाद चित्राश और सनी बाइक पर आते हैं। चित्राश बाइक पर बैठा रहता है। सनी बाइक से उतरकर आदित्य के पास जाता है। मात्र दस सेकेंड में आदित्य से कापी लेकर सनी और चित्रांश वापस चले जाते हैं। चित्राश ने पूछताछ में बताया कि आदित्य की कापी ट्यूशन का काम पूरा करने के लिए ली थी। सोमवार शाम साढ़े पाच बजे से मंगलवार सुबह तक झाड़ी में कोई प्रवेश नहीं करता और न ही आदित्य बाहर निकलता है। उसका शव ही लोग बाहर निकालते हैं। 2. पोस्टमार्टम रिपोर्ट

पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का कारण स्पष्ट नहीं हो सका। उसके शरीर पर चोट का कोई निशान नहीं है। हृदयाघात भी नहीं है और न ही गला दबाने या सांस रुकने जैसी बात सामने आई है। ऐसे में कोई जहरीला पदार्थ शरीर के अंदर होने की आशका पर विसरा सुरक्षित रखा गया है। 3. सर्विलास रिपोर्ट

फोरेंसिक और सर्विलास टीम ने भी अपनी रिपोर्ट पेश की है। फोरेंसिक रिपोर्ट में भी ऐसा कोई तथ्य नहीं आया, जिससे हत्या बताई जाए। आदित्य का बैग भी उसकी पीठ पर लटका हुआ था। मोबाइल से कोई वीडियो या चैट डिलीट नहीं है। पुलिस ने मोबाइल की सीडीआर भी मंगा ली है। उसमें भी कोई छेड़छाड़ नहीं की गई है। मोबाइल सीडीआर से यह भी स्पष्ट हो गया कि उसका किसी लड़की से भी संपर्क नहीं था।

ऐसी कोई वजह सामने नहीं आई है, जिससे इसे हत्या कहा जाए। पुलिस ने हर स्तर पर छानबीन कर ली है। पुलिस छात्र की मौत का कारण तलाश रही है।

प्रभाकर चौधरी, एसएसपी

Edited By: Jagran