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नौ राज्यों में साइबर ठगी करने वाले दो भाई गिरफ्तार, फेसबुक पेज पर कालीन बेचने के नाम पर देते थे झांसा

By Sushil Kumar Edited By: Praveen Vashishtha
Published: Thu, 11 Jun 2026 03:43 PM (GMT+05:30)

Meerut News : मेरठ पुलिस ने साइबर ठगी करने वाले एक गिरोह का पर्दाफाश करते हुए दो भाइयों को गिरफ्तार ...और पढ़ें

पुलिस की गिरफ्त में साइबर ठगी के आरोपित। सौ. पुलिस

पुलिस की गिरफ्त में साइबर ठगी के आरोपित। सौ. पुलिस

HighLights

  1. मेरठ पुलिस ने दोनों को पकड़ किया गिरोह का पर्दाफाश।

  2. सबसे ज्यादा वारदात बिहार, गुजरात और छत्तीसगढ़ कीं।

जागरण संवाददाता, मेरठ। पुलिस ने ट्रेडिंग के नाम पर साइबर ठगी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश करते हुए दो भाइयों को गिरफ्तार किया है। उनका तीसरा साथी फरार है। आरोपितों ने एक साल में नौ राज्यों में ठगी की 20 वारदातों को अंजाम देकर 10 लाख रुपये की ठगी की है। ये लोग स्नैपचेट एप के माध्यम से विभिन्न कंपनियों के फर्जी विजिटिंग कार्ड बनाकर व्यापारियों से आर्डर लेते थे।

एडवांस के तौर पर रकम लेकर वे मोबाइल नंबर बंद कर देते थे। पुलिस ने उनके कब्जे से तीन मोबाइल, चार सिम कार्ड, दो हजार रुपये की नगदी और विभिन्न कंपनियों के विजिटिंग कार्ड बरामद किए हैं।

साइबर सेल के प्रभारी संजय पांडेय ने बताया कि इंडियन साइबर क्राइम कोर्डिनेशन सेंटर पोर्टल पर लिसाड़ीगेट की समर गार्डन कालोनी निवासी हाफिज अमन और उसके भाई फैजान तथा साथी अकरम के खिलाफ 20 शिकायतें दर्ज हैं। ये शिकायतें दिल्ली, बिहार, गुजरात, राजस्थान, छत्तीसगढ़, कर्नाटक, महाराष्ट्र, असम, उत्तर प्रदेश के अयोध्या, जौनपुर और मेरठ से आई हैं।

साइबर टीम ने बुधवार को अमन और फैजान को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में दोनों ने बताया कि वे एक साल से साइबर ठगी कर रहे हैं। वे फेसबुक पर पेज बनाकर कालीन बेचने का काम करते थे। विभिन्न कंपनियों के फर्जी विजिटिंग कार्ड बनाकर फेसबुक पेज पर डालते थे। कालीन के रेट बाजार से आधा कर देते थे और आठ से दस दिनों की स्कीम देकर 50 प्रतिशत छूट का दावा करते थे।

इसके साथ ही फेसबुक पर कालीन का नया आर्टिकल अपलोड किया जाता था ताकि व्यापारी भी आर्डर दे सकें। कालीन का आर्डर मिलने पर बिल की 10 से 25 प्रतिशत रकम एडवांस के तौर पर आनलाइन बैंक खाते में वसूल करते थे। भरोसा दिया जाता था कि अगले सप्ताह तक माल पहुंच जाएगा। समय पूरा होने पर मोबाइल नंबर और बैंक खाता बंद कर देते थे।

आरोपितों ने सबसे ज्यादा ठगी की वारदात बिहार, गुजरात और छत्तीसगढ़ की हैं। साइबर सेल फरार आरोपित अकरम की तलाश कर रही है। पूरा धंधा आरोपित मोबाइल से ही संचालित कर रहे थे।