मेरठ,जेएनएन। लोनी से अपहृत किशोर की तलाश में बुधवार रात पुलिस ने फलावदा में खाक छानी। उसके बाद खतौली भी टीम गई लेकिन वहां भी कुछ हाथ नहीं लगने पर बैरंग लौट गए। हालांकि कुछ संदिग्ध लोगों को पूछताछ के लिए भी साथ ले गयी। किशोर की हत्या की आशंका जतायी जा रही है।

जनपद गाजियाबाद के लोनी थाना क्षेत्र के गांव बेहटा में नंगलाहरेरू निवासी फुरकान किराए के मकान में रहता था। उसने अपने रिश्तेदार रईस निवासी औरंगाबाद के साथ मिलकर फिरौती के लिए मकान मालिक के बेटे अनस का अपहरण कर लिया था। उसको कई दिन फलावदा क्षेत्र में रखा गया। उधर, मकान मालिक ने फुरकान पर शंका जताते हुए अपहरण की रिपोर्ट दर्ज करायी थी। फुरकान हत्थे नहीं चढ़ा लेकिन उसकी पत्नी, बेटा गुलजार समेत कई लोग पूछताछ के लिए सप्ताह पूर्व हिरासत में ले लिया। उधर, रईस भी हत्थे चढ़ गया और पूछताछ में उसने किशोर के फलावदा के जंगल में होने की बात कही। पूछताछ में हत्या कर शव फेंकने की कहानी भी बतायी। उसी आधार पर बुधवार रात पुलिस ने कई स्थानों पर तलाश किया लेकिन पता नहीं चला। वहीं, खतौली के पमडावली चौकी क्षेत्र में भी तलाश किया लेकिन पता नहीं चला।

एसओ फलावदा शिववीर भदौरिया ने बताया कि रात भी पुलिस ने कई स्थानों पर खोजा और गुरुवार सुबह भी पुलिस तलाशती रही। जबकि बच्चे का सुराग नहीं लगा। उधर, फरार फुरकान की तलाश में भी कई स्थानों पर दबिश दी पर उसका भी सुराग नहीं लगा।

युवा व्यापारी जीने से फिसला, मौत: मवाना के मोहल्ला खैरात अली में बुधवार रात घर पर जीने की पैड़ी से ्िरफसलकर युवा व्यापारी गंभीर रूप से घायल हो गया। सुबह हालत बिगड़ने पर स्वजन उसे चिकित्सक के यहां ले गए, जहां पर चिकित्सक ने उसे मृत घोषित कर दिया। हादसे के बाद स्वजन बेहाल हैं।

उक्त मोहल्ला निवासी लगभग तीस वर्षीय मनोज अग्रवाल फोटोग्राफी का कार्य करते थे। बुधवार देर रात घर पर जीने चढ़ने के दौरान पैर फिसलने के कारण वह गिर गए। रात में वह ठीक थे, लेकिन सुबह अचानक हालत बिगड़ गई। स्वजन आनन-फानन में नजदीक ही चिकित्सक के यहां ले गए पर वहां मृत घोषित कर दिया। सर्राफा व्यापारी किशन वर्मा, गजेंद्र धीमान, नवीन रस्तोगी, विनीत, प्रकाश चंद रस्तोगी, महेंद्रपाल रस्तोगी एडवोकेट आदि ने व्यापारी के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए शोकाकुल परिवार को सांत्वना दी।

Edited By: Jagran