भारत पहली बार करेगा एशियन सीनियर वुशू चैंपियनशिप की मेजबानी, देश में जुटेंगे एशिया के 42 देशों के 500 खिलाड़ी
भारत को पहली बार 2028 में 11वीं एशियन सीनियर वुशू चैंपियनशिप की मेजबानी मिली है, जिसमें एशिया के 42 देशों के लगभग 500 खिलाड़ी भाग लेंगे।

आइची-नागोया में शनिवार को आयोजित वुशू फेडरेशन आफ एशिया की कांग्रेस भारतीय वुशू संघ के सीईओ (दाएं) सुहेल अहमद। सौ. वुशू संघ
HighLights
भारत को पहली बार एशियन सीनियर वुशू चैंपियनशिप की मेजबानी मिली।
वर्ष 2028 में 11वीं चैंपियनशिप का आयोजन देश में होगा।
भूपेंद्र बाजवा वुशू फेडरेशन ऑफ एशिया कार्यकारिणी सदस्य नामित।
जागरण संवाददाता, मेरठ। भारतीय वुशू के लिए शनिवार का दिन ऐतिहासिक उपलब्धि लेकर आया। भारत को पहली बार एशियन सीनियर वुशू चैंपियनशिप की मेजबानी मिली। वर्ष 2028 में होने वाली 11वीं एशियन सीनियर वुशू चैंपियनशिप का आयोजन देश में होगा। जापान के आइची-नागोया में शनिवार को आयोजित वुशू फेडरेशन आफ एशिया की कांग्रेस में इस फैसले पर आधिकारिक मुहर लगी।
बैठक में वुशू एसोसिएशन आफ इंडिया की ओर से मेरठ के सुहेल अहमद ने भारत का प्रतिनिधित्व किया। चैंपियनशिप में एशिया के करीब 42 देशों के लगभग 500 खिलाड़ियों के भाग लेने की संभावना है। खिलाड़ियों के साथ विभिन्न देशों से प्रशिक्षक, निर्णायक, तकनीकी अधिकारी और खेल पदाधिकारी भी भारत पहुंचेंगे। इससे देश में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर वुशू का बड़ा आयोजन होने के साथ खेल को नई पहचान मिलने की उम्मीद है।
बैठक में भारतीय वुशू के लिए एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि सामने आई। वुशू एसोसिएशन आफ इंडिया के भूपेंद्र सिंह बाजवा को वुशू फेडरेशन आफ एशिया की कार्यकारिणी का सदस्य नामित किया गया। इस उपलब्धि पर भूपेंद्र सिंह ने कहा कि भारत को एशियन सीनियर वुशू चैंपियनशिप की मेजबानी मिलना गर्व का विषय है। चैंपियनशिप को यादगार बनाने के लिए भारतीय वुशू परिवार को एक मिशन और दृष्टि के साथ काम करना होगा।
वुशू एसोसिएशन आफ इंडिया ने इस जिम्मेदारी के लिए विश्व वुशू महासंघ का आभार जताया है। एसोसिएशन ने कहा कि भारत में एशियन सीनियर वुशू चैंपियनशिप का आयोजन और मेरठ के रहने वाले भूपेंद्र सिंह बाजवा का वुशू फेडरेशन आफ एशिया की कार्यकारिणी में नामित होना भारतीय वुशू के लिए दोहरी उपलब्धि है।
