मेरठ, जेएनएन। माल रोड पर दिनदहाड़े हुए रेखा हत्याकांड से पुलिस ने पर्दा उठा दिया। ब्रजेश ने ही 50 हजार में भाड़े के शूटर हायर कर पत्‍नी की हत्या कराई। प्रेस कांफ्रेंस में पत्‍नी के अत्याचार बताते हुए बृजेश रोने लगा था। उसने बताया कि छोटी बेटी की शादी गांव के युवक से कराने की जिद कर रही थी। इसलिए उसकी हत्या कराना मेरी मजबूरी बन गया। तीन साल से उसने पत्‍नी का सुख तक नहीं दिया था। पास आने पर भी गाली-गलौज के साथ थप्पड़ तक जड़ देती थी।
हजारी की प्‍याऊ पर मारा था
रिजर्व पुलिस लाइन में आयोजित प्रेस कांफ्रेंस में एसपी सिटी अखिलेश नारायण ने बताया कि मंगलवार को गंगानगर थाने के मामेपुर निवासी होमगार्ड ब्रजेश बेनीवाल की पत्‍नी रेखा उर्फ सोनम की माल रोड स्थित हजारी की प्याऊ पर आटो में हत्या कर दी गई थी। उस समय रेखा फिजियोथेरेपी के लिए बेगमपुल स्थित भोपाल नर्सिग होम में जा रही थी।
पूरी कहानी बयां कर दी
हत्या को अंजाम देकर शूटर एफजेड बाइक से फरार हो गए थे। तभी क्राइम ब्रांच के प्रभारी प्रशांत कपिल की टीम ने मामले की पड़ताल की। ब्रजेश की कॉल डिटेल के आधार पर पुलिस शूटरों तक पहुंच गई। शूटर लालकुर्ती का रहने वाला नरेंद्र वाल्मीकि है। शूटर का नाम बताने के बाद ब्रजेश टूट गया। उसने हत्या की पूरी कहानी बयां कर दी।
प्रेम विवाह की जिद पर अड़ी बेटी का साथ दे रही थी रेखा
बृजेश बेनीवाल ने बताया कि बड़ी बेटी की शादी 22 नवंबर की है। छोटी बेटी गांव में ठाकुर बिरादरी के युवक से प्यार करती थी, जो शादी करने की जिद कर रही थी। मना करने पर भी रेखा बेटी के संरक्षण में खड़ी हो गई थी। उसकी शादी कराने को तैयार थी। तब रेखा की हत्या का निर्णय लिया। डेढ़ माह पहले ब्रजेश ने रेखा को खुद ही मारने का प्लान बनाया। बच्चों के साथ उसे नानू नहर पर घुमाने ले गया। वहां नहर में रेखा को धक्का देने की ब्रजेश की हिम्मत नहीं हुई। उसके बाद रेखा को मारने के लिए एक तमंचा खरीदा गया। रातभर प्रयास करने के बाद भी रेखा की हत्या नहीं कर सका। एक बार फिर पूरे परिवार के साथ रेखा को ब्रजघाट ले गया। वहां पर गंगा मैया के सामने रेखा को डूब जाने की प्रार्थना की। तब भी नाव से रेखा को धक्का नहीं दे सका।
तीन साल से नहीं देखा पत्नी का सुख, लगाती थी आरोप
बृजेश ने बताया कि मामा की बेटी से बातचीत करता था। अक्सर रेखा शक करती थी कि मामा की बेटी से अवैध संबंध है। उसी शक में उसने तीन साल से पत्‍नी का सुख तक नहीं देखा। उल्टे इतना अभद्र व्यवहार करती थी। हर रोज मंदिर में पूजा करने जाता था। घर पर पूजा के समय भी अभद्रता से पेश आई। उस दिन से भगवान की पूजा करना छोड़ दिया था। तब कसम खाई थी कि उसकी मौत के बाद ही पूजा करुंगा।
तीन बार खुद कर चुका आत्महत्या का प्रयास
रेखा की कारगुजारी से तंग आकर बृजेश ने तीन बाद खुद ही आत्महत्या का प्रयास किया। एक बार फांसी लगाने लगा था। दूसरी बार मिट्टी का तेल तक डाल लिया था। तब भी उसे बचा लिया। उसने जहर खाने की कोशिश भी की। साले को पूरी कहानी बताई तो उसने कहा कि मेरी पत्‍नी होती तो जान से मार देता। तब मेरे मन में रेखा की हत्या का ख्याल आया था।
पहले सुपारी किलर ने रेखा को मारने से किया था इन्कार
बेगमपुल पर बाइक की सर्विस कराते समय लालकुर्ती के शूटर नरेंद्र वाल्मीकि से मुलाकात हुई। वहीं से दोनों की दोस्ती हुई। उसके बाद नरेंद्र को रेखा की हत्या की 50 हजार में सुपारी दे दी गई। नरेंद्र ने रकम लेने के बाद महिला को मारने से इन्कार कर दिया। साथ ही बृजेश को रकम लौटाने पहुंच गया। तब बृजेश ने पत्‍नी के उत्पीड़न की कहानी नरेंद्र को सुनाई। तब वह हत्या के लिए तैयार हुआ। 

Posted By: Ashu Singh

अब खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस, डाउनलोड करें जागरण एप