मेरठ, जागरण संवाददाता। Food In Meerut सर्दियों में सरसों का साग और मक्की की रोटी हो या फिर नाम सुनते ही मुंह में पानी लाने वाले गाजर के हलवे का स्वाद। दोस्तों के संग गुड मूंगफली खाना हो या गर्मागर्म ताजी हल्दी का दूध। इन सबका स्वाद ऐसा है जो सालभर इन दिनों की याद दिलाता हैं। इतना ही नहीं खानपान विशेषज्ञों का तो यहां तक कहना है कि सर्दी के मौसम में खाए जाने फल, सब्जी, गुड, शक्कर और मूंगफली सालभर हमारे शरीर को सुरक्षा प्रदान करते हैं। यहीं कारण है कि अब घर में ही नहीं बल्कि रेस्तरां और होटल के मैन्यू में भी यह सभी डिश शामिल हो गई है।

कुछ ऐसा मेन्‍यू

गढ़ रोड स्थित होटल हारमनी इन के निदेशक नवीन अरोड़ा का कहना हैं कि इस बार शादी की प्लेट में भी सरसों का साग मक्की और बाजरे की रोटी के साथ-साथ गाजर और बाजरे के हलवे को शामिल करने की मांग रही हैं। वहीं होटल के मैन्यू में आलू मेथी की सब्जी, बथुए की पूरी और पराठा, रायता भी खूब पसंद किया जा रहा है। लोग फास्ट फूड और विदेशी डिश की जगह अब पारंपरिक भारतीय व्यंजनों की डिमांड कर रहे हैं।

सर्दी का खाना सालभर रखता है सुरक्षित

सर्दियों में गुड भरपूर मात्रा में खाया जाता है। इसमें फास्फोरस, आयरन, मैग्नीशियम और पोटेशियम होने से सालभर शरीर स्वस्थ रहता है। वहीं मूंगफली खाने से दिमाग की शक्ति बढ़ती हैं, और हदय रोग के खतरे भी कम होते हैं। त्वचा रोग भी इससे दूर होते हैं। इन दिनों गाजर का हलवा मनपसंद स्वीट डिश है। इसमें फाइबर की मात्रा अधिक होती है। इसके अलावा कैरीटोनाइड, पोटैशियम, विटामिन ए होने से यह खून साफ करने का काम करता हैं। इसलिए इस मौसम में गाजर का हलवा खाने से परहेज नहीं करना चाहिए।

इनका कहना है

मौसम बदलते ही रेस्तरां के मैन्यू में भी बदलाव किए गए है। जिसमें पालक का सूप, गाजर और टमाटर का सूप, गाजर और ड्राइफ्रूट्स का हलवा। इसके अलावा लाइव किचन में सरसों का साग, मक्की और बाजरे की रोटी के साथ ही मिस्सी रोटी को भी शामिल किया गया है। जिसे खूब पसंद भी किया जा रहा हैं।

- गौरव नारंग निदेशक होटल क्रोम दिल्ली रोड

सर्दी के मौसम में फल और सब्जियों की वैरायटी काफी बढ़ जाती हैं। इन दिनों हरे पत्तेदार सब्जी भी खूब मिलती है, यह सभी साग सब्जियां पौष्टिकता से भरपूर हैं। जिन्हें कई तरह से मनाया जा सकता हैं। यह सभी फल और सब्जियां सर्दी से तो बचाव करते ही हैं। साथ ही इस मौसम का खाना हमारे शरीर को शक्ति प्रदान करता हैं। इसलिए इस मौसम में देसी घी और मक्खन खाने से भी परहेज नहीं करना चाहिए।

- डा. भावना गांधी खानपान विशेषज्ञ

Edited By: Prem Dutt Bhatt