मेरठ, जागरण संवाददाता। खरखौदा क्षेत्र में बीती रात हापुड़ रोड पर कैली गांव में सुंदर फार्म हाउस के पास अज्ञात वाहन की टक्कर से ऊर्जा निगम में तैनात संविदाकर्मी की मौत हो गई। वहीं उनका दूसरा साथी घायल हो गया। घायल की हालत गंभीर बनी हुई है।

खरखौदा निवासी 35 वर्षीय मोहित त्यागी पुत्र ब्रजकिशोर त्यागी ऊर्जा निगम में खरखौदा विद्युत उपकेंद्र पर संविदा कर्मी के रूप में तैनात थे। उनके साथ खासपुर निवासी सौरभ भी संविदाकर्मी के रूप में तैनात हैं। मंगलवार रात करीब दस बजे मोहित त्यागी, सौरभ के साथ बाइक पर सवार होकर हापुड़ से खरखौदा वापस लौट रहे थे, जैसे ही वह कैली गांव के पास सुंदर फार्म हाउस के पास पहुंचे तो एक अज्ञात वाहन ने टक्कर मार दी जिसमें बाइक क्षतिग्रस्त हो गई और दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए। अज्ञात वाहन फरार हो गया। स्थानीय लोगों ने उन्हें मेरठ के अस्पताल में भर्ती कराया जहां चिकित्सकों ने मोहित त्यागी को मृत घोषित कर दिया, वहीं सौरभ की हालत गंभीर बनी हुई है। इंस्पेक्टर संजय शर्मा का कहना है कि मामले में जांच कर कार्रवाई की जाएगी। तहरीर मिलते ही मुकदमा दर्ज किया जाएगा।

दुर्घटना में घायल ने तोड़ा दम, थाने के सामने लगाया जाम

मेरठ। किठौर में दुर्घटना में घायल युवक की सोमवार देर रात मेरठ के निजी अस्पताल में उपचार के दौरान मौत हो गई। मौत की खबर से स्वजन में कोहराम मच गया। मृतक के स्वजन ने आरोपित बाइक सवार पर कठोर कार्रवाई और परिवार को आॢथक मदद की मांग करते हुए थाने के सामने मेरठ-गढ़ मार्ग जाम कर दिया। एएसपी व इंस्पेक्टर किठौर के आश्वासन पर लगभग एक घंटे बाद जाम खोल दिया गया। शाम को युवक का शव सुपुर्द-ए-खाक किया गया।

कस्बे के मौहल्ला खटीकान निवासी शाहबाज 18 पुत्र महबूब उर्फ भूरे नाई का काम करता था। गत दो अक्तूबर दोपहर को वह मेरठ-गढ़ मार्ग पर सड़क पार करते समय कस्बा निवासी बाइक सवार अक्षित पुत्र राकेश ने उसको जोरदार टक्कर मार दी। स्वजन लहूलुहान स्थिति में उसे कस्बे के चिकित्सक के यहां ले गए। जहां से गंभीर हालत में उसको मेरठ रेफर कर दिया गया। इसमें शाहबाज के भाई शाहनूर ने अक्षित के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज कराई। सोमवार देर रात शाहबाज ने अस्पताल में उपचार के दौरान दम तोड़ दिया। घटना से क्षुब्ध स्वजन व कस्बावासियों ने आरोपित बाइक सवार के विरुद्ध कठोर कार्रवाई और पीड़ित परिवार को आॢथक सहायता की मांग करते हुए मंगलवार को थाने के सामने मेरठ-गढ़ मार्ग जाम कर दिया। हंगामा बढ़ता देख आलाधिकारियों को मामले से अवगत कराया गया। एएसपी चंद्रकान्त मीना और इंस्पेक्टर अरविंद मोहन शर्मा के द्वारा केस तरमीम और आर्थिक मदद के आश्वासन पर लगभग एक घंटा बाद मार्ग सुचारू हो पाया। उधर, इंस्पेक्टर का कहना है कि आरोपित की तलाश में दबिश दी गई लेकिन परिवार सहित फरार है।

 

Edited By: Taruna Tayal