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वन्यजीव विहार की हरियाली, साथ ही भीकुंड वेटलैंड... सैर-सपाटे के लिए मेरठ को खास बनाने की तैयारी

By Sarvendra Pundir Edited By: Praveen Vashishtha
Published: Sun, 18 Oct 2026 03:28 PM (IST)

हस्तिनापुर वन्यजीव विहार स्थित भीकुंड वेटलैंड को अब पर्यटन स्थल के रूप में विकसित किया जाएगा। प्रदेश सरकार की 'वन ...और पढ़ें

हस्तिनापुर के भीकुंड वैटलैंड के बीच में कुछ इस तरह से बनाए जाएंगे घूमने के ट्रैक का प्रतीकात्मक फोटो। सौ. वन विभाग

हस्तिनापुर के भीकुंड वैटलैंड के बीच में कुछ इस तरह से बनाए जाएंगे घूमने के ट्रैक का प्रतीकात्मक फोटो। सौ. वन विभाग

HighLights

  1. भीकुंड वेटलैंड बनेगा प्रमुख पर्यटन स्थल।

  2. 44 लाख रुपये से ईको टूरिज्म पार्क।

  3. विदेशी पक्षियों को देखने के लिए वॉच टावर।

जागरण संवाददाता, मेरठ। हस्तिनापुर वन्यजीव विहार की हरियाली के बीच स्थित भीकुंड वेटलैंड को अब सैर-सपाटे का प्रमुख स्थान बनाने की तैयारी है। प्रदेश सरकार की वन डिस्ट्रिक्ट-वन वेटलैंड पहल के तहत भीकुंड को पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित करने का प्रस्ताव मंजूर होने के बाद शासन ने 44 लाख रुपये भी स्वीकृत किए हैं। यहां पांच हेक्टेयर में ईको टूरिज्म पार्क बनाया जाएगा। इसके लिए तीन कंपनियों ने टेंडर डाले हैं। दो-तीन दिन में प्रक्रिया पूरी कर नवरात्र के दौरान ही काम शुरू करने की योजना है।

अनुमान है कि इस सर्दी के मौसम में आने वाले विदेशी परिंदों को इस बार पर्यटक वाच टावर से देख सकेंगे। प्रभागीय निदेशक वानिकी वंदना फोगाट ने बताया कि शासन ने कानपुर और मेरठ के वेटलैंड को ही इसके लिए चुना था। अब धनराशि स्वीकृत हो गई है। वैटलैंड में ट्रैक, मुख्य बड़ा गेट, शौचालय, कैंटीन, बैठने के लिए सीटें, आठ से 10 वाच टावर बनाए जाएंगे। वेटलैंड बनने के बाद यहां गाइड, देखरेख करने वाले और वाच टावर युवक रखे जाएंगे। एक रिजार्ट का भी प्रस्ताव शासन को गया हुआ है, जिसे अभी मंजूरी नहीं मिली है।

38 हेक्टेयर में फैला है वेटलैंड
हस्तिनापुर रेंजर खुशबू उपाध्याय ने बताया कि भीकुंड वेटलैंड 38 हेक्टेयर में फैला है। यहां रूस, यूरोप, मध्य एशिया, मंगोलिया, चीन आदि देशों से लगभग 50 हजार पक्षी हर वर्ष आते हैं, जो फरवरी तक रहते हैं। सारस क्रेन (राज्य पक्षी), बार-हेडेड गूज, ब्राह्मणी बत्तख, यूरेवियन स्पूनवबल, रेड क्रेस्टेड पोचाडग, नादगनग शीवेलर, आदद आदि पक्षियों की यहां मौजूदगी रहती है।