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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 23, 2021 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

वर्कशाप में खड़ी खराब बसें, अड्डे पर मारामारी

By JagranEdited By:
Published: Tue, 23 Nov 2021 05:31 AM (IST)

बसों की कमी से रोडवेज की व्यवस्था चरमरा रही है। विवाह का सीजन और प्रतियोगी परीक्षाओं के चलते यात्रियों की ...और पढ़ें

वर्कशाप में खड़ी खराब बसें, अड्डे पर मारामारी
वर्कशाप में खड़ी खराब बसें, अड्डे पर मारामारी

मेरठ, जेएनएन। बसों की कमी से रोडवेज की व्यवस्था चरमरा रही है। विवाह का सीजन और प्रतियोगी परीक्षाओं के चलते यात्रियों की संख्या बढ़ी हुई है। सोमवार को भैंसाली बस अड्डे पर कई रूटों पर बसों की मारामारी देखने को मिली। बिजनौर और कौशांबी के लिए एक एक घंटे तक बसें नहीं मिली। इन रूटों की कोई बस आती तो यात्रियों में चढ़ने की आपाधापी मच जाती। खिड़की के रास्ते से लोग बसों में घुसते नजर आए। सोहराब गेट बस अड्डे पर सम्भल, कोटद्वार, टनकपुर, कानपुर के लिए बस उपलब्ध नहीं थी।

टायर और अन्य स्पेयर पा‌र्ट्स के अभाव में वर्कशाप में 50 से अधिक बसें खड़ी हैं। वहीं, दीपावली के बाद भी यात्रियों की संख्या बढ़ गई है। भैंसाली बस अड्डे के प्रभारी शिवदत्त सारस्वत ने बताया कि कई स्थानों पर जाम लग जाने के कारण बसों के आने में विलंब हुआ।

प्रतिदिन एक करोड़ कमा रहा रोडवेज

दीपावली और छठ के बाद भी रोडवेज की आय औसतन एक करोड़ प्रतिदिन के आसपास बनी हुई है। क्षेत्रीय प्रबंधक केके शर्मा ने बताया कि यात्रियों की अधिक संख्या को देखते हुए प्रत्येक बस लगभग 25 किलोमीटर अधिक दूरी लगभग 340 किलोमीटर जय कर रही है। कहा अगर 50 बसें और होती तो आय बढ़ कर 1.20 करोड़ प्रतिदिन हो जाती।

गर्भवतियों को चुनाव ड्यूटी से मिले छूट

मेरठ : महिला शिक्षा संघ ने सोमवार को जिला निर्वाचन अधिकारी डीएम के. बालाजी को अपनी मांग से संबंधित ज्ञापन देकर समाधान की मांग की। संघ की जिलाध्यक्ष शशि कौशिक ने बताया कि विधानसभा चुनाव की तैयारी शुरू हो गई है और महिला शिक्षकों को विभिन्न जिम्मेदारी देकर ड्यूटी भी लगाई जा रही है। ऐसे में मांग की गई है कि गर्भवती व छोटे बच्चों की मां और एकल अभिभावक शिक्षिकाओं को चुनाव ड्यूटी में शामिल न किया जाए। 58 वर्ष की आयु पूर्ण कर चुके कर्मियों को भी चुनाव कार्य में शामिल न किया जाए। मतदान केंद्रों तक लेकर जाने व आने के लिए ट्रकों व मालवाहक का प्रयोग न किया जाए। डीएम ने समाधान का आश्वासन दिया है।