मेरठ, जेएनएन। कोतवाली के चंद कदमों की दूरी खंदक बाजार में आग की भयावह घटना को देखकर जर्रा जर्रा कांप गया। सिलेंडर रिसाव से लगी आग से पूरा घर जलकर खाक हो गया। घर के अंदर बेड पर लेटी 21 दिन और 30 दिन की दो मासूम बच्ची जलकर कोयला हो गई। आसपास के लोगों और दमकल की मदद से आग पर काबू पा लिया गया। लेकिन दोनों बच्चियों को बचाया नहीं जा सका है। आग की लपटों में घर के अंदर रखा पूरा सामान भी जल गया है। ऐसे में पूरा परिवार बेघर हो गया है।

यह है मामला

खंदक बाजार में मोहम्मद इदरीश का बेटा जुनैद अपने परिवार के साथ रहता हैं। सोमवार को जुनैद की 21 दिन की बेटी अलीजा का अकीका था। इसलिए जुनैद की बहन शैला अपने पति इमरान के साथ अकीका में शामिल होने आई थी। इमरान दिल्ली के भजनपुरा में रहते हैं। रविवार की शाम घर के अंदर परिवार और रिश्तेदार मिलाकर 18 सदस्य मौजूद थे। करीब शाम साढ़े सात बजे जुनैद की पत्नी शाहिना रसोई में खाना बनाने के लिए गई थी। उस समय रसोई में गैस सिलेंडर रिसाव हो रहा था। साहिना ने गैंस चूल्हा जलाने का प्रयास किया। तभी रसोई में रिसाव हो रही गैस ने आग पकड़ ली। आग की लपटे रसोई से बेडरूम तक आ गई। आग की लपटों को उठाता देख परिवार के में बाहर जाने की भगदड़ मच गई। सभी 18 सदस्य घर से बाहर पहुंच गए।

इसी बीच आग ने पूरे बेडरूम को अपनी चपेट में ले लिया। परिवार के सभी सदस्यों के बाहर पहुंचने पर पता चला कि जुनैद के बेडरूम में उसकी 21 दिन की बेटी अलीजा और बहनोई इमरान की 30 दिन की बेटी इनास अंदर ही रह गई। दोनों बच्ची बेड पर सो रही थी। परिवार के सदस्यों ने दोनों बच्चियों को निकालने के लिए अंदर घुसे। तब तक आग ने दोनों बच्चियों को अपनी चपेट में ले लिया था। आग इतनी भयंकर थी कि दोनों बच्चियां चंद मिनटों में कोयला हो गई। आग की सूचना के बाद आसपास के लोगों की भीड़ और पुलिस मौके पर पहुंच गई। दकमल की गाड़ी भी मौके पर पहुंची, जब तक आग पर काफी हद तक काबू पा लिया था।

उसके बाद दमकल की गाड़ी ने पानी डालकर आग बुझा दी। उसके बाद दोनों बच्चियों की राख को उठाया गया। दोनों बच्चियों की मौत के पूरा परिवार सदमे में आ गया है। मां शाहिना का बुरा हाल है। एसपी सिटी विनीत भटनागर ने बताया कि गैस रिसाव से घर में लगी आग में दो बच्ची जिंदा जल गई है। साथ ही मकान के अंदर पूरा सामान भी जलकर राख हो गया। 

Edited By: Taruna Tayal