मेरठ । जिले में चार स्थानों पर छह माह से प्रशिक्षण ले रहे 1438 रिक्रूट गुरुवार को पुलिस महकमे का हिस्सा बन गए। पासिंग आउट परेड के बाद नए सिपाही अब अपने-अपने तैनाती जनपदों में ड्यूटी करेंगे। परेड रिजर्व पुलिस लाइन, हापुड़ रोड स्थित पुलिस प्रशिक्षण विद्यालय, 44वीं वाहिनी पीएसी व रुड़की रोड स्थित छठी वाहिनी पीएसी में संपन्न हुई। इस दौरान अधिकारियों ने समाज और न्याय व्यवस्था में खाकी की अहमियत बताते हुए कैडेट्स को शपथ दिलाई।

पुलिस प्रशिक्षण विद्यालय

25 जुलाई 2018 से प्रारंभ प्रशिक्षण का समापन गुरुवार सुबह साढ़े नौ बजे दीक्षांत परेड समारोह में हो गया। परेड की सलामी प्रधानाचार्य/आइजी पीटीएस लक्ष्मी सिंह ने ली। इस मौके पर रिटायर डीआइजी महेश कुमार मिश्र, गोविंद अग्रवाल, एमडीए उपाध्यक्ष साहब सिंह, आरएएफ 108 बटालियन के कमांडेंट शैलेंद्र कुमार, पीटीएस के डीआइजी संजय कुमार, एसपी सुनील कुमार सिंह व डीएसपी अलका मौजूद रहीं। प्रधानाचार्य ने बताया कि पीटीएस में प्रशिक्षण के लिए 626 महिला कैडेट्स का आगमन हुआ। सात कैडेट्स विभिन्न कारणों से उनके जिलों को वापस भेज दी गई, जबकि अवकाश के दौरान एक की मृत्यु हो गई। 618 कैडेट्स में से उत्तीर्ण 608 महिला कैडेट्स को 12 टोलियों में बांटा गया। परेड की पहली कमांडर साक्षी रानी, दूसरी कमांडर वंदना देवी व तीसरी कमांडर स्नेहा रहीं। आरक्षी कैडेट शिवानी देशवाल निवासी बागपत सर्वोत्तम कैडेट चुनी गई। वाह्यं विषयों में आरक्षी कैडेट साक्षी रानी प्रथम रहीं। बेस्ट टीचर अवार्ड निरीक्षक प्रमोद जैन, एसआइ श्रीकृष्ण शर्मा को दिया गया, जबकि बेस्ट आउटडोर ट्रेनर आइटीआइ मामराज सिंह, पीटीआइ संजीव विश्नोई को मिला। बेहतर ट्रेनिंग व ग्राउंड की साज-सज्जा के लिए हवलदार मेजर औतारी सिंह को सम्मानित किया गया। रिजर्व पुलिस लाइन

रिजर्व पुलिस लाइन में सुबह साढ़े नौ बजे दीक्षांत परेड समारोह शुरू हुआ। डीआइजी अखिलेश कुमार ने परेड की सलामी ली और उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले कैडेट्स को शील्ड देकर सम्मानित किया। डीआइजी ने कहा कि मोबाइल अच्छी सुविधा है, लेकिन आजकल इसका दुरुपयोग हो रहा है। पुलिसकर्मी स्क्रीन टाइम की बजाय पब्लिक टाइम पर जोर दें। उन्होंने पुलिसकर्मियों के परिजनों से भी कहा कि नौकरी लगने के बाद उनकी अपेक्षाएं बढ़ जाती हैं। ऐसी स्थिति में ही भ्रष्टाचार जन्म लेता है। उन्होंने पुलिसकर्मियों से ईमानदारी से कर्तव्य निभाने का आह्वान किया। डीआइजी ने बताया कि ट्रेनिंग के लिए पुलिस लाइन में 273 कैडेट्स का आगमन हुआ था। दो कैडेट्स छोड़कर चले गए, जबकि सात फेल हो गए। उत्तीर्ण 264 कैडेट्स ने दीक्षांत परेड समारोह में भाग लिया। 44वीं वाहिनी पीएसी

हापुड़ रोड स्थित 44वीं वाहिनी पीएसी में ट्रेनिंग ले रहे 296 कैडेट्स की पासिंग आउट परेड हुई। दीक्षांत परेड के अवसर पर वाहिनी के सेनानायक स्वप्निल ममगाई ने परेड की सलामी लेकर उत्कृष्ट कैडेट्स को सम्मानित किया। सहायक सेनानायक राजकुंवर सिंह ने बताया कि रिक्रूट आरक्षी अंशुल, हिमांशु सिंह, सचिन कुमार, गुलशन कुमार, मोहित यादव, गौरव कुमार, उमंग सिंह, पंकज सिंह ने इनडोर विषयों में पहला स्थान प्राप्त किया। रिक्रूट आरक्षी रवि दीक्षित, चंद्रपाल, चंद्रमुनि शर्मा, पवन कुमार, मोहन, संजय कुमार, ओमप्रकाश, पिंटू कुमार, मोहित कुमार, सूरज कुमार ने आउटडोर विषयों में पहला स्थान प्राप्त किया। सर्वोत्तम कैडेट पवन कुमार रहे। परेड के प्रथम कमांडर अजय कुमार, द्वितीय कमांडर सचिन कुमार, तृतीय कमांडर संदीप कुमार रहे। समारोह में विजय कुमार सिंह, राजकुमार त्यागी, रिटायर डीएसपी विजय कुमार पांडेय, उदल सिंह, हरपाल सिंह, आरटीसी प्रभारी सुमित वशिष्ठ, अमित कुमार मलिक, अश्वनी सिंह मौजूद रहे। छठी वाहिनी पीएसी

एमआरटी पीवीएल::: 601, 602, 603

जासं, मोदीपुरम : छठी वाहिनी पीएसी में आयोजित दीक्षांत परेड समारोह में 270 आरक्षियों ने भाग लिया। मुख्य अतिथि सेनानायक विरेंद्र कुमार मिश्र रहे। उन्होंने दीक्षांत परेड के दौरान रिक्रूट आरक्षियों की सलामी ली। साथ ही समाज में पुलिस की छवि स्वच्छ रखने का आह्वान किया। इसके बाद उन्होंने कैडेट्स को सम्मानित किया। सर्वश्रेष्ठ कैडेट विनय कुमार खाटियान रहे। सेनानायक ने बताया कि कुल 273 प्रशिक्षु प्रशिक्षण के लिए पहुंचे थे। इनमें से एक प्रशिक्षु ने इस्तीफा दे दिया था, जबकि दो अनुपस्थित चल रहे थे। बाकी सभी 270 रिक्रूट उत्तीर्ण रहे। कार्यक्रम में सहायक सेनानायक ब्रह्मा ¨सह यादव व अब्दुल रज्जाक अहमद, शिविरपाल रामरतन, इंस्पेक्टर मेजर कृष्णपाल शर्मा, सूबेदार मेजर करणवीर ¨सह, आरटीसी इंचार्ज सुरेंद्रपाल ¨सह, अमित कुमार आदि मौजूद रहे।

Posted By: Jagran

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस