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श्रावणी मेले की तैयारियां पूरी, सावन के स्वागत में सजा दिव्य ज्योति जटाधारी शिव मंदिर

Published: Sat, 25 Jul 2026 03:07 PM (IST)

सावन मास के आगमन पर मधुबन (मऊ) स्थित दिव्य ज्योति जटाधारी शिव मंदिर को आकर्षक ढंग से सजाया गया है। ...और पढ़ें

सावन माहके स्वागत में सजा दिव्य ज्योति जटाधारी शिव मंदिर।

सावन माहके स्वागत में सजा दिव्य ज्योति जटाधारी शिव मंदिर।

HighLights

  1. सावन के लिए दिव्य ज्योति जटाधारी शिव मंदिर सजाया गया।

  2. श्रद्धालुओं और कांवड़ियों हेतु व्यापक इंतजाम व सुरक्षा व्यवस्था।

  3. मंदिर परिसर में पारंपरिक मेले का भी आयोजन होगा।

जागरण संवाददाता, मधुबन (मऊ)। सावन मास के आगमन के साथ ही क्षेत्र के प्रसिद्ध शिवपुरी पांती स्थित दिव्य ज्योति जटाधारी शिव मंदिर को आकर्षक ढंग से सजाया गया है। मंदिर परिसर में रंग-रोगन, साफ-सफाई और विशेष सजावट का कार्य पूरा कर लिया गया है।

सावन के पहले सोमवार से ही यहां श्रद्धालुओं और कांवड़ियों की भारी भीड़ उमड़ने की संभावना को देखते हुए मंदिर समिति और प्रशासन ने व्यापक तैयारियां की हैं। क्षेत्र के शिवपुरी पांती स्थित शिव मंदिर पर श्रावण मास के दौरान दूर-दराज के गांवों और जनपद से हजारों की संख्या में कांवड़िए व श्रद्धालु मंदिश्रावणी मेले की तैयारियां पूरी, सावन के स्वागत में सजा दिव्य ज्योति जटाधारी शिव मंदिरर पहुंचकर भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक करते हैं।

श्रद्धालु जल अर्पित कर सुख-समृद्धि, परिवार की खुशहाली और मनोकामनाओं की पूर्ति की कामना करते हैं। पूरे सावन माह मंदिर परिसर में धार्मिक आस्था का केंद्र बनने के साथ ही पारंपरिक मेले का भी आयोजन होता है, जहां पूजा सामग्री, प्रसाद, खिलौने और अन्य दुकानों से रौनक बनी रहती है। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए साफ-सफाई, पेयजल और अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं भी की गई हैं।

मंदिर समिति के पदाधिकारी तैयारियों को अंतिम रूप देने में जुटे हुए हैं। श्रावण मास में उमड़ने वाली भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था के व्यापक इंतजाम किए हैं। मंदिर परिसर और आसपास पुलिस बल की तैनाती की जाएगी।

भीड़ नियंत्रण, यातायात व्यवस्था और श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। इसके अलावा संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी रखी जाएगी, ताकि श्रद्धालु शांतिपूर्ण और सुरक्षित वातावरण में भगवान शिव के दर्शन एवं जलाभिषेक कर सकें।

स्थानीय लोगों का कहना है कि सावन के महीने में दिव्य ज्योति जटाधारी शिव मंदिर की विशेष धार्मिक मान्यता है। ऐसी मान्यता है कि सच्चे मन से भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक और पूजा-अर्चना करने वाले श्रद्धालुओं की मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं। इसी आस्था के चलते प्रत्येक वर्ष यहां हजारों श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ता है।

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