मथुरा: मुख्यमंत्री के जनसुनवाई पोर्टल पर प्राप्त हो रहीं आम जनता की शिकायतों का निस्तारण नहीं किया जा रहा है। गुरुवार को नोडल अधिकारी एडीएम फाइनेंस रवींद्र ¨सह ने जनसुनवाई पोर्टल पर प्राप्त शिकायतों के निस्तारण कार्रवाई की बुलाई समीक्षा बैठक में पांच अधिकारी सूचना देने पर भी नहीं आए। इन सभी को नोटिस जारी कर तीन दिन में स्पष्टीकरण मांगा गया है।

आम जनता की शिकायतों के निस्तारण में अधिकारियों की कार्यशैली पर नजर रखने को मुख्यमंत्री जनसुनवाई पोर्टल शुरू किया गया था। इस पर आम आदमी अपनी शिकायत दर्ज करा रहे हैं। पोर्टल पर प्राप्त हो रही शिकायतें संबंधित अधिकारियों के पोर्टल पर ट्रांसफर की जा रही हैं। इसके नोडल अधिकारी एडीएम फाइनेंस रवींद्र ¨सह हैं। गुरुवार को जनसुनवाई पोर्टल पर प्राप्त शिकायतों के निस्तारण की समीक्षा के लिए बैठक बुलाई गई थी। बैठक की सूचना सभी अधिकारियों को दी गई। इसके बाद भी परियोजना निदेशक डीआरडीए, परियोजना अधिकारी डूडा, उपायुक्त मनरेगा, एआरएम रोडवेज और जिला खाद्य एवं विपणन अधिकारी बैठक में शामिल होने के लिए नहीं आए। एडीएम फाइनेंस ने बताया कि बैठक में गैर हाजिर होने वाले सभी अधिकारियों को नोटिस जारी कर तीन दिन में जबाव तलब किया गया है। तीन दिन में जबाव न देने पर अधिकारियों का एक दिन का वेतन काटने की संस्तुति कर डीएम कार्यालय के रिपोर्ट भेजी जाएगी।

Posted By: Jagran