वृंदावन, जासं: अखंड भारत मिशन के राष्ट्रीय अध्यक्ष भागवत प्रवक्ता देवकी नंदन ठाकुर ने रविवार को केंद्र सरकार को राम मंदिर निर्माण के लिए अध्यादेश लाकर अपनी नीयत साफ करने की चेतावनी दी। कहा कि दुख की बात है कि अपने ही देश में भगवान श्रीराम को यह साबित करना पड़ रहा है कि वह अयोध्या में पैदा हुए। सुप्रीम कोर्ट के पास समय नहीं है कि मंदिर पर जल्दी सुनवाई करे। जिस देश मे आतंकवादियों के लिए आधी रात को भी अदालत खुल जाती है, उस देश मे भगवान श्रीराम के मंदिर पर इतनी देरी क्यों हो रही है?

छटीकरा स्थित शांति सेवा धाम में रविवार को उन्होंने कहा कि कई दशकों से राम मंदिर को राजनीति का मुद्दा बनाया गया है। चाहे ¨हदू नेता हों या मुस्लिम, दोनों इस मामले में अपने स्वार्थ सिद्ध कर रहे हैं। देश-प्रदेश में भगवान श्रीराम के नाम पर कई बार सरकार बन चुकी है। सरकार बनते ही मुद्दा भुला दिया जाता है। केंद्र सरकार को भगवान श्रीराम के मंदिर पर अपनी मंशा देश की जनता के सामने साफ करनी चाहिए। यदि केंद्र सच में मंदिर के प्रति गंभीर है तो संसद में अध्यादेश लाकर अपना पक्ष साबित करे। इससे जनता के सामने भी सिद्ध होगा कि कौन सा दल मंदिर निर्माण चाहता है।

देवकी नंदन ठाकुर ने कहा कि चूंकि केंद्र में जो भी सरकार रही है, वह सुप्रीम कोर्ट के निर्णय बदलने के लिए अध्यादेश लाई है। ऐसे में केंद्र अब कोर्ट का हवाला नहीं दे सकता। मंदिर निर्माण राजनीतिक नहीं, बल्कि सौ करोड़ ¨हदुओं की आस्था का सवाल है।

Posted By: Jagran