संवाद सूत्र, किशनी: समान पक्षी विहार के लिए किसानों की अधिगृहीत की गई 841.66 एकड़ जमीन का उचित मुआवजा अब तक किसानों को नहीं मिल सका है। बीते 32 साल से चल रहे इस प्रकरण में शुक्रवार को भारतीय किसान यूनियन किसान ने महापंचायत की। जल्द मुआवज न मिलने पर आंदोलन की चेतावनी दी गई।

शुक्रवार को चौ. सूरज सिंह इंटर कालेज समान में हुई महापंचायत में करीब बीस गांवों से आए सैकड़ों किसान शामिल हुए। वक्ताओं ने कहा कि सरकार ने वर्ष 1990 में उनकी जमीनों को छीन लिया। एक गांव भागनगर तो बिल्कुल खत्म ही हो गया। लेकिन, अभी तक उनको जमीनों का मुआवजा नहीं दिया गया। कुछ दिनों से प्रशासनिक अधिकारी उनकी जमीनों की नापजोख और पानी भरने का काम करने लगे हैं, परंतु मुआवजे की बात करने कोई नहीं आया। यूनियन के राष्ट्रीय महासचिव शीलेश दुबे ने कहा कि सरकार को किसानों की जमीनों का उचित मुआवजा देना ही पड़ेगा। भले ही यूनियन को उसके लिये कितनी ही लंबी लड़ाई क्यों न लड़नी पडे़। जिलाध्यक्ष अनुरूद्ध दुबे ने कहा कि प्रशासन अथवा सरकार किसानों को मुआवजा देगी तो कोई अहसान नहीं करेगी। क्षेत्र के प्रमुख किसानों से वार्ता कर आगे की रणनीति बनाई जाएगी। बताया इस संबंध में एसडीएम किशनी को एक ज्ञापन दिया जाएगा, जिसमें मुआवजा न मिलने तक जमीनों पर कोई नापजोख, कब्जा न किया जाए। ऐसा हुआ तो आंदोलन किया जाएगा।

महापंचायत में मंडल अध्यक्ष शिवाकान्त दुबे, रमन यादव, नीरज यादव, राघवेन्द्र चौहान, गौरव चौहान, सोनू दुबे, लल्लन दुबे, कौशल शाक्य, अमित यादव, नीतेश यादव, रामयज्ञ गुप्ता, लोकपाल चौहान, हरभान शाक्य, संतोष यादव, सर्वेश यादव, सत्यवीर, घनश्याम गुप्ता, संटी, उमेश, तालेसिंह, जगदीश, सरमन सिंह, प्रमोद यादव, राकेश, भान प्रकाश, अशोक कुमार, मुकेश कुमार, बदनसिंह आदि शामिल थे।

Edited By: Jagran