यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 23, 2019 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
डेंगू से महिला की मौत, बुखार से बालिका ने दम तोड़ा
मैनपुरी जासं। संक्रामक बीमारियों का कहर जारी है। डेंगू से बीमार एक महिला की दिल्ली में इलाज के दौरान मौत ...और पढ़ें

जासं, मैनपुरी: संक्रामक बीमारियों का कहर जारी है। डेंगू से बीमार एक महिला की दिल्ली में इलाज के दौरान मौत हो गई, जबकि एक बालिका ने बुखार से दम तोड़ दिया। स्वास्थ्य विभाग की लचर व्यवस्था के चलते मौतों का सिलसिला रुक नहीं रहा है।
मौसम भले ही करवट बदल चुका हो, लेकिन डेंगू का सितम जारी है। कस्बा के जीटी रोड प्रेम नगर निवासी शशिपाल पत्नी ब्रह्मा प्रकाश को डेंगू की पुष्टि के बाद आगरा के निजी अस्पताल में 17 नवंबर को भर्ती कराया गया था। राहत न मिलने पर चिकित्सकों ने उन्हें दिल्ली ले जाने की सलाह दी। जहां शनिवार को महिला की मौत हो गई।
औंछा थाना क्षेत्र के गांव हरनागरपुर निवासी राजवीर की 10 माह की पुत्री काव्या को बुखार था। हालत बिगड़ने पर स्वजन बालिका को लेकर जिला अस्पताल पहुंचे जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। दन्नाहार थाना क्षेत्र के गांव झंडाहार निवासी धनंजय यादव (59) को भी गंभीर हालत में अस्पताल लाया गया। यहां ईएमओ ने उन्हें भी मृत घोषित कर दिया। बरनाहल में बिछीं चारपाइयां, टीम को नाराजगी का करना पड़ा सामना:
थाना क्षेत्र के गांव कनिकपुर सादा निवासी नीलम (32) पत्नी प्रदीप कुमार की शुक्रवार को डेंगू बुखार से मौत हो गई थी। प्रदीप के भाई के परिवार में सीमा (15), प्रिया (13) और पुत्र आकाश (10) पुत्र लालमन सिंह, पत्नी बिमला देवी (35) और खुद लालमन टायफाइड की चपेट में हैं। शनिवार को गांव पहुंची स्वास्थ्य अधिकारियों की टीम को ग्रामीणों की नाराजगी का सामना करना पड़ा। 75 डेंगू पीड़ित हुए सेफ वार्ड में भर्ती:
जिला अस्पताल के सेफ वार्ड में 30 सितंबर से अब तक 75 मरीजों को पॉजिटिव रिपोर्ट मिलने के बाद भर्ती कर उपचार दिया जा चुका है। जो मरीज हमारे यहां भर्ती हो रहे हैं, उन्हें पूरी तरह से उपचार दिया जा रहा है। बहुत से निजी चिकित्सकों के पास भी जा रहे हैं। हमारे पास पर्याप्त दवाएं हैं। कोई समस्या नहीं है।
डॉ. आरके सिंह, प्रभारी सीएमएस
जिला अस्पताल।
