जासं, मैनपुरी: एक माह पहले तक बीमारियों से लोग दहशत में आ गए थे। कई लोगों की डेंगू व बुखार के चलते मौत हो गई थी। अब मौसम पूरी तरह ठंडा होने के बाद बीमारियों में भी कमी आ गई है। महीने भर पहले जहां 1400 से 1500 मरीज प्रतिदिन अपना पंजीकरण कराते थे, अब उनकी संख्या घटकर 800 से 900 तक पहुंच गई है।

दिसंबर की शुरुआत के साथ अस्पतालों में मरीजों की संख्या में भी कमी आने लगी है। एक दिसंबर से अब तक रोजाना की स्थिति पर नजर डाली जाए तो जिला चिकित्सालय में 700 से 900 मरीज ही अपना पंजीकरण करा रहे हैं। यही हाल जिला महिला चिकित्सालय और 100 शैय्या अस्पताल का है। यहां भी ओपीडी 300 से 400 तक ही पहुंच रही है। फिजीशियन डॉ. धर्मेंद्र सिंह का कहना है कि सर्दियों में ज्यादातर बैक्टीरिया और विषाणु निष्क्रिय हो जाते हैं, इससे बीमारियां कम हो जाती हैं। बढ़े निमोनिया और श्वांस रोगी

जिला अस्पताल के वरिष्ठ फिजीशियन डॉ. जेजे राम का कहना है कि सर्दी के मौसम में बुजुर्गों में श्वांस की समस्या बढ़ जाती है। इन दिनों सबसे ज्यादा सांस रोगी इमरजेंसी पहुंच रहे हैं। स्थिति बिगड़ने पर कई को सैफई रेफर करना पड़ता है। 100 शैय्या विग के चिकित्सक डॉ. अभिषेक दुबे का कहना है कि छोटे बच्चों में ज्यादातर निमोनिया के मामले देखने में आ रहे हैं। ऐसे बच्चों को ठंड से बचाव के लिए अभिभावकों को कहा जा रहा है।

---------- एक नजर में जिला अस्पताल की दिसंबर माह की ओपीडी

तारीख, पुरुष, महिला, कुल संख्या

03, 526, 451, 977

04, 535, 463, 996

05, 425, 433, 858

06, 409, 335, 744

07, 359, 453, 812

उपचार के लिए सभी प्रकार के इंतजाम और व्यवस्थाएं कराई गई हैं। गंभीर मरीजों को भर्ती करने के लिए सेफ वार्ड और बुजुर्गों के लिए जीरियाटिक वार्ड की व्यवस्था है। पर्याप्त दवाएं हैं।

डॉ. आरके सागर, सीएमएस।

Posted By: Jagran

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस